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एंटोनियो गुटेरेस भारत पहुंचे
– फोटो : Twitter/@MEAIndia
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संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरेस आज आधिकारिक यात्रा पर भारत पहुंचे। यह उनके दूसरे कार्यकाल की पहली भारत यात्रा है। विदेश मंत्रालय ने उनकी यात्रा की जानकारी देते हुए बताया कि संयुक्त राष्ट्र प्रमुख 18 से 20 सितंबर तक भारत की यात्रा पर होंगे। साथ ही इस दौरान वह प्रधानमंत्री मोदी और विदेश मंत्री जयशंकर से मुलाकात करेंगे।
भारत यात्रा के पहले दिन संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरेस मुंबई के ताजमहल पैलेस होटल में 26/11 आतंकी हमले के पीड़ितों को श्रद्धांजलि देंगे। साथ ही वह आईआईटी मुंबई में ‘‘भारत के 75 साल: संयुक्त राष्ट्र- भारत साझेदारी: दक्षिण-दक्षिण सहयोग को मजबूत करना’’ विषय पर संबोधन देंगे।
संयुक्त राष्ट्र का पीएम मोदी की युद्ध पर टिप्पणी को पूर्ण समर्थन
विश्व निकाय के महासचिव एंतोनियो गुटेरस ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की इस टिप्पणी का समर्थन किया है कि यह ‘युद्ध का युग’ नहीं है। उन्होंने कहा कि संयुक्त राष्ट्र चार्टर और अंतरराष्ट्रीय कानून के तहत यूक्रेन युद्ध के समाधान के लिए हालात बनाने की दिशा में कोशिशों का स्वागत किया जाएगा। अपनी भारत यात्रा से पहले गुटेरस ने कहा कि वह यूक्रेन में युद्ध बढ़ने से बेहद चिंतित हैं।
बता दें कि मोदी ने समरकंद में शंघाई सहयोग संगठन के वार्षिक शिखर सम्मेलन से इतर सितंबर में राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के साथ द्विपक्षीय बैठक के दौरान कहा था कि यह वक्त युद्ध का नहीं है। मोदी ने यूक्रेन में शत्रुता की शीघ्र समाप्ति का आह्वान करते हुए ‘लोकतंत्र, संवाद और कूटनीति’ के महत्व को रेखांकित किया था। गुटेरस ने भारत दौरे से ठीक पहले कहा, पीएम मोदी ने जो रूसी राष्ट्रपति से कहा कि यह युद्ध का समय नहीं है, मेरे ख्याल से बिल्कुल सच है। कोई समय, युद्ध का समय नहीं है। लेकिन यह वक्त विशेष रूप से युद्ध का वक्त नहीं है।
अतः मैं इसका पूर्ण समर्थन करता हूं। बता दें, जनवरी 2022 में दूसरी बार संयुक्त राष्ट्र के महासचिव बनने के बाद गुटेरस की यह पहली भारत यात्रा है। गुतारेस विश्व संस्था के प्रमुख के तौर पर अपने पहले कार्यकाल के दौरान अक्टूबर 2018 में भारत गए थे। जब गुटेरस से पूछा गया कि क्या उनकी यात्रा में भारतीय नेतृत्व से यूक्रेन युद्ध पर चर्चा हो सकती है? तो उन्होंने कहा, मैं विवादित मुद्दों पर सार्वजनिक तौर पर बयान देने वाली कूटनीति में विश्वास नहीं करता हूं।
भारत की अध्यक्षता में जी-20 ऋण पुनर्गठन प्रणाली बनाने की उम्मीद
संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरस ने कहा कि इस बात की पूरी उम्मीद है कि भारत की अध्यक्षता में जी-20 ऋण पुनर्गठन की प्रभावी प्रणाली बनाएगा। उन्होंने साथ ही चेताया कि महामारी तथा यूक्रेन संघर्ष के कारण महंगाई बढ़ने से विकासशील देश एक वास्तविक तूफान का सामना कर रहे हैं। बता दें, भारत एक दिसंबर, 2022 से 30 नवंबर, 2023 तक एक साल के लिए जी-20 की अध्यक्षता करेगा। गुटेरस ने कहा, वह अंतरराष्ट्रीय आर्थिक और वित्तीय प्रणाली में सुधारों की जरूरत के लिए बहुत दृढ़ता से वकालत कर रहे हैं, जिसे काफी हद तक अमीरों द्वारा अमीरों के लिए बनाया गया था।
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