Home Breaking News Autumn in Kashmir: धरती के स्वर्ग में आया पतझड़ का मौसम, चारों ओर दिख रहे ‘आतिश-ए-चिनार’ के अद्भुत नजारे

Autumn in Kashmir: धरती के स्वर्ग में आया पतझड़ का मौसम, चारों ओर दिख रहे ‘आतिश-ए-चिनार’ के अद्भुत नजारे

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Autumn in Kashmir: धरती के स्वर्ग में आया पतझड़ का मौसम, चारों ओर दिख रहे ‘आतिश-ए-चिनार’ के अद्भुत नजारे

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धरती के स्वर्ग कहे जाने वाले कश्मीर में आज कल मौसम एक अलग ही अंदाज पेश कर रहा है। नवम्बर के पहले सप्ताह में ही पहाड़ों पर हुई बर्फबारी के बाद अब लाल सुर्ख हुए चिनार के पत्ते एक अलग ही फिजा का एहसास दिला रहे हैं। पतझड़ का यह मौसम न सिर्फ कश्मीर की सुन्दरता में रंग बिखेर रहा है बल्कि यहां के स्थानीय लोगों के साथ साथ यहां पहुंचे पर्यटकों का मन भी मोह रहा है।

अपनी सुंदरता और बदलते मौसम के लिए विश्व भर में प्रसिद्ध कश्मीर का हर मौसम में एक अलग ही मजा है। यही कारण है कि देश विदेश से पर्यटक कश्मीर घूमने आते हैं और यहां के सुंदर नजारे देश विदेश से आए पर्यटकों को लुभाते हैं। लेकिन अगर आजकल की बात करें चारों ओर एक अलग ही नजारा देखने को मिल रहा है। पतझड़  कश्मीर  को  एक  अनोखे  अंदाज  में  पेश  करता दिख है।

कड़कड़ाने वाली  ठंड और नजारों में बिखरे चिनार के सुर्ख पत्तों की लाली सांसों को थमा  देती है जिसका अनुभव कश्मीर घूमने आए पर्यटक कर रहे हैं। हालांकि इस बार वर्ष की शुरुआत से ही काफी ज्यादा संख्या में पर्यटक कश्मीर का रुख किए हुए हैं और जो कोई भी इसे अनुभव कर रहा है वो इसे देख काफी खुश हो रहा है।

श्रीनगर का निशात मुगल बाग हो, शालीमार मुगल बाग हो या फिर चिनार बाग, हर जगह चिनार के पेड़ आजकल एक अनोखा ही दृश्य पेश कर रहे हैं। दिल्ली से आई मनोरमा साहनी ने बताया कि वह 2018 में कश्मीर घूमने आई थी और तब भी पतझड़ का ही मौसम था। इसलिए मन में एक बार फिर से वोही नजारा देखने की चाह थी और यह ही कारण है कि वह इस बार भी पतझड़ में ही कश्मीर आई हैं। उन्होने बताया कि लेकिन इस बार एक अलग ही तस्वीर देखने को मिल रही है क्योंकि लाल सुर्ख हुए चिनार के पत्तों के साथ पहाड़ों पर बर्फ की सफेद चादर एक अलग ही मंजर पेश कर रहे हैं।

चिनार के यह पत्ते अक्तूबर के महीने से ही धीरे-धीरे लाल होना शुरू हो जाते हैं और जैसे ही यह लाल पत्ते जमीन पर गिरना शुरू हो जाते हैं। इसी के साथ कश्मीर में भी ठंड का आगमन भी शुरू हो जाता है। कश्मीर में पतझड़ के इस मौसम का इंतजार न सिर्फ यहां आने वाले पर्यटक बेसब्री से करते हैं बल्कि यहां के लोगों को भी चिनार के पेड़ों से गिरने वाले इन लाल पत्तों का बेसब्री से इंतजार होता है।



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