[ad_1]

SVB संकट
– फोटो : amarujala.com
विस्तार
सिलिकॉन वैली बैंक (एसवीबी) के बंद होने के बाद अमेरिका में बाजार पर मंडराता संकट बढ़जा जा रहा है। अब खबर है कि शेयरों में आई भारी गिरावट के बाद दर्जनों क्षेत्रीय अमेरिकी बैंकों में व्यापार (ट्रेडिंग) अस्थायी रूप से रोक दिया गया है। इससे पहले अमेरिकी नियामकों ने शुक्रवार को SVB को बंद करने की घोषणा कर दी थी। कैलफोर्निया में बैंकिंग नियामकों ने बैंको बंद करने के बाद फेडरल डिपॉजिट इन्श्योरेंश कॉरपोरेशन (FDIC) को बैंक के असेट रिसिवर के तौर पर नियुक्त किया था। इस खबर को पूरी दुनिया के बाजार में ग्लोबल मंदी की आहट के रूप में देखा जा रहा है।
यह भी पढ़ें: SVB Crisis: अमेरिका का 16वां सबसे बड़ा बैंक तालाबंदी की कगार पर क्यों पहुंचा, संकट का भारत पर क्या असर होगा?
बाइडन ने दिलाया भरोसा- देश की बैंक व्यवस्था सुरक्षित
इस बीच अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन ने सोमवार को देशवासियों से कहा कि देश की वित्तीय प्रणाली मजबूत है। अमेरिका में दो बैंकों के बंद होने के बाद जमाकर्ताओं में उपजे डर को कम करने का मकसद से उन्होंने यह बात कही। वेस्ट कोस्ट जाने से पहले रूजवेल्ट रूम से उन्होंने कहा कि अमेरिकी भरोसा कर सकते हैं कि देश की बैंक व्यवस्था सुरक्षित है। जब आपको जरूरत होगी, आपका जमा पैसा आपको मिल जाएगा।
यह भी पढ़ें: USA: सिग्नेचर और सिलिकॉन वैली बैंक डूबने पर राष्ट्रपति जो बाइडन का बड़ा एलान, खाताधारकों को दी राहत
करदाताओं को कोई नुकसान नहीं होगा: बाइडन
अमेरिकी शेयर बाजार खुलने से कुछ ही समय पहले राष्ट्रपति ने कहा कि उन लोगों की जिम्मेदारी तय की जाएगी, जो इसके लिये जवाबदेह हैं। उन्होंने बड़े बैंकों के बेहतर निरीक्षण और नियमन के लिए कदम उठाने की बात कही। उन्होंने वादा किया कि करदाताओं को कोई नुकसान नहीं होगा।
यह भी पढ़ें: Silicon Valley Bank: अमेरिकी बैंक के दिवालिया होने का भारत पर कितना पड़ेगा असर? जानें सबकुछ
क्या है मामला?
अमेरिकी प्रशासन ने जमाकर्ताओं के बीच पैसा निकालने की होड़ को देखने के बाद शुक्रवार को सिलिकॉन वैली बैंक को बंद कर दिया था। अमेरिकी इतिहास में सिर्फ 2008 में ही वाशिंगटन म्यूचुअल की असफलता के बाद यह दूसरी सबसे बड़ा बैंक संकट है। नियामकों ने घोषणा की कि न्यूयॉर्क की सिगनेचर बैंक भी दिवालिया हो गई है।
[ad_2]
Source link