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UP BJP: एक की जगह यूपी से तीन राष्ट्रीय उपाध्यक्ष, ऐसे साधा लोकसभा चुनाव के लिए सियासी निशाना

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UP BJP: एक की जगह यूपी से तीन राष्ट्रीय उपाध्यक्ष, ऐसे साधा लोकसभा चुनाव के लिए सियासी निशाना

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UP BJP: three national vice-president from UP, focus on  Lok Sabha elections 2024

UP BJP
– फोटो : Amar Ujala/Sonu Kumar

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अगले कुछ महीनों के भीतर देश के चार अलग-अलग राज्यों में विधानसभा के चुनाव होने हैं। भाजपा की जारी पदाधिकारियों की नई सूची में न सिर्फ विधानसभा के इन चार राज्यों ही नहीं बल्कि लोकसभा के लिहाज से बड़ी फील्डिंग सजाई गई है। खासतौर से उत्तर प्रदेश पर ध्यान रखते हुए एक बार फिर से सियासी समीकरणों की डोर को मजबूत करने की कोशिश की गई है। उत्तर प्रदेश में राष्ट्रीय कार्यकारिणी में पदाधिकारियों की संख्या तो बढ़ाई ही गई है, बल्कि सियासी समीकरणों के लिहाज से इस बार पार्टी ने न सिर्फ अपने मुस्लिम नेता पर दांव लगाया है, बल्कि और सियासी समीकरण भी साधे हैं।

पहले राष्ट्रीय उपाध्यक्ष एक थे इस बार तीन

भाजपा ने लोकसभा के चुनावों के लिहाज से उत्तर प्रदेश में बड़े सियासी समीकरण बनाए हैं। पार्टी के राष्ट्रीय उपाध्यक्षों की संख्या बढ़ाकर यह संदेश देने की कोशिश की है कि संगठन में उत्तर प्रदेश का कद कितना बड़ा है और कितना बढ़ रहा है। पार्टी ने इस बार सियासी समीकरणों को साधते हुए उत्तर प्रदेश में राष्ट्रीय उपाध्यक्ष की संख्या तीन कर दी है। पिछली कार्यकारिणी में उत्तर प्रदेश से पिछड़ा समुदाय की रेखा वर्मा राष्ट्रीय उपाध्यक्ष हुआ करती थीं। इस बार पार्टी ने भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष और राज्यसभा सांसद लक्ष्मीकांत वाजपेई को राष्ट्रीय कार्यकारिणी में अहम जिम्मेदारी दी है। इसके अलावा पार्टी ने भाजपा में बड़े मुस्लिम चेहरे के तौर पर उभर रहे अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी के पूर्व वाइस चांसलर तारिक मंसूर को भी राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बनाया है।

भाजपा की नई कार्यकारिणी में उत्तर प्रदेश से इस बार कई प्रमुख नेताओं को शामिल किया गया है। वरिष्ठ पत्रकार राजनीतिक विश्लेषक बृजेश शुक्ला कहते हैं कि पार्टी ने इस बार जिन नामों को राष्ट्रीय कार्यकारिणी में शामिल किया है, उससे उत्तर प्रदेश में सियासी संतुलन भी बनाया गया है। वह कहते हैं कि जिस तरीके से तारिक मंसूर को पहले एमएलसी और फिर राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बनाया गया है, उससे संदेश स्पष्ट है कि भाजपा इस बार मुसलमानों के प्रति न सिर्फ गंभीर है, बल्कि उनके नेताओं को भी महत्वपूर्ण जिम्मेदारी देकर लोकसभा चुनावों में उनकी मजबूत सहभागिता के भी संदेश दिए हैं। ब्रजेश शुक्ला कहते हैं कि पसमांदा समाज से ताल्लुक रखने वाले तारिक राष्ट्रीय कार्यकारिणी में महत्वपूर्ण जगह देकर आने वाले लोकसभा चुनाव में उत्तर प्रदेश के 80 फ़ीसदी से ज्यादा मुसलमानों को सीधे तौर पर भारतीय जनता पार्टी ने संदेश दिया है।






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