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Israel Response to South Africa on Gaza War: इंटरनेशनल कोर्ट ऑफ जस्टिस में फलस्तीनियों के नरसंहार के आरोपों का सामना कर रहे इजराइल ने अपने एक्शन का जोरदार बचाव किया है. कोर्ट में शुक्रवार को हुई सुनवाई में इजरायल ने कहा कि गाजा में उसका युद्ध अपने लोगों की न्यायसंगत रक्षा करने के लिए लड़ा जा रहा है. इजराइल ने यह भी कहा कि हमास आतंकी नरसंहार का दोषी है और मुकदमा उसके खिलाफ नहीं बल्कि हमास के खिलाफ चलना चाहिए.
इजरायल पर नरसंहार का आरोप एकदम झूठा
इजरायली नेताओं ने हमास के 7 अक्टूबर के हमले के न्यायसंगत जवाब के रूप में गाजा में किये गए अपने हवाई और जमीनी हमले का बचाव किया. इजरायल ने दक्षिण अफ्रीका की ओर से लगाए गए आरोपों को पाखंडपूर्ण बताया. यहूदी देश ने कहा इंटरनेशनल कोर्ट में दायर किए गए इस मामले ने बदली हुई दुनिया को प्रदर्शित किया है.
इजरायल के कानूनी सलाहकार ताल बेकर ने हेग के पैलेस ऑफ पीस के खचाखच भरे सभागार में कहा कि उनका देश एक ऐसा युद्ध लड़ रहा है, जिसे उसने शुरू नहीं किया था और न ही चाहता था. उन्होंने कहा, ‘इन परिस्थितियों में, इजरायल के खिलाफ नरसंहार के आरोप से अधिक झूठा और अधिक द्वेषपूर्ण आरोप शायद ही कोई हो सकता है.’
आतंकियों ने लोगों को जिंदा जला दिया
बेकर ने 7 अक्टूबर को इजरायल पर हुए हमले का उल्लेख करते हुए कहा, ‘उन्होंने बच्चों को माता-पिता के सामने और माता-पिता को बच्चों के सामने प्रताड़ित किया, शिशुओं सहित लोगों को जिंदा जला दिया और कई महिलाओं, पुरुषों और बच्चों के साथ बलात्कार किया.’ उन्होंने कहा कि गाजा में युद्ध को तत्काल रोकने के लिए दक्षिण अफ्रीका का अनुरोध, इजरायल को उस हमले के खिलाफ अपनी रक्षा करने से रोकने का प्रयास है.
इंटरनेशनल कोर्ट में खत्म हुई सुनवाई
इजरायल के जवाब से एक दिन पहले दक्षिण अफ्रीका ने अदालत से 23 लाख की आबादी वाले तटीय क्षेत्र गाजा पट्टी में इजराइल के सैन्य अभियानों को तत्काल रोकने का आदेश जारी करने का अनुरोध किया था. कोर्ट में 2 दिनों तक चली सुनवाई शुक्रवार को समाप्त हो गई. इंटरनेशनल कोर्ट के प्रेजिडेंट जोन ई डोनोग्यू ने कहा कि अदालत जितनी जल्दी हो सके, अपना फैसला सुनाएगी.
हमास के आतंकियों ने मचाया था कहर
बताते चलें कि हमास के आतंकियों ने पिछले साल 7 अक्टूबर को इजरायल पर हमला कर 1400 लोगों की बर्बरता से हत्या कर दी थी. आतंकियों ने महिलाओं का रेप किया और फिर उन्हें जिंदा जला दिया. जवानों और बुजुर्गों को बेरहमी के साथ मारा गया. बच्चों को गोली मार दी गई. बड़ी संख्या में लोगों का अपहरण कर गाजा ले जाया गया, जो अब भी वहां पर बंधक हैं.
(एजेंसी भाषा)
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