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MP News: मध्य प्रदेश में चिकित्सा शिक्षा विभाग में भर्ती के नियम बदले, अब सीधी होगी भर्ती

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MP News: मध्य प्रदेश में चिकित्सा शिक्षा विभाग में भर्ती के नियम बदले, अब सीधी होगी भर्ती

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Cabinet meeting concluded under the chairmanship of CM Mohan Yadav

सीएम मोहन यादव
– फोटो : अमर उजाला

विस्तार


मध्य प्रदेश सरकार ने चिकित्सा शिक्षा विभाग के भर्ती नियमों में बड़ा बदलाव किया है। पांच जिलों में इसी साल से मेडिकल कॉलेज शुरू हो जाएंगे। इनके लिए प्रोफेसरों, असिस्टेंट प्रोफेसरों और एसोसिएट प्रोफेसरों की आवश्यकता होगी। इस वजह से पांच साल के लिए भर्ती नियमों को शिथिल किया गया है। इसके साथ ही आगर मालवा में एक नया लॉ कॉलेज खोला जाएगा। 

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में कैबिनेट की चौथी बैठक में यह महत्वपूर्ण फैसला लिया गया है। उपमुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल ने कैबिनेट के फैसलों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि कैबिनेट ने चिकित्सा शिक्षा भर्ती नियमों में बदलाव के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। अगले पांच साल के लिए जो पद पदोन्नत से भरे जाते थे, उन्हें अब सीधी भर्ती से भरा जा सकेगा। यह नियम प्रोफेसरों की भर्ती पर लागू होगा। पांच नए मेडिकल कॉलेज इसी सत्र से शुरू हो रहे हैं। इनमें सिवनी, श्योपुर, नीमच, मंदसौर और सिंगरौली के मेडिकल कॉलेज शामिल हैं। यह नए मेडिकल कॉलेज शुरू होंगे, उन पर 70 से 75 असिस्टेंट प्रोफेसर, 46 एसोसिएट प्रोफेसर और 24 प्रोफेसर की आवश्यकता होती है। इस तरह करीब 150 के करीब पद हैं, जिनकी सीधी भर्ती से भरा जाएगा। पदोन्नति से यदि इन पदों को भरा जाता तो समय लगता। नए मेडिकल कॉलेज शुरू करने के लिए इन पदों पर भर्ती किया जाना आवश्यक था। इस वजह से सरकार ने भर्ती नियमों को शिथिल करते हुए तय किया है कि इन पदों को सीधी भर्ती से भरा जाएगा। 

आगर मालवा में लॉ कॉलेज के लिए नई बिल्डिंग बनेगी

कैबिनेट ने आगर मालवा में एक नए लॉ कॉलेज खोलने को मंजूरी दी है। इसके लिए 30 नए पदों के सृजन को कैबिनेट ने मंजूरी दे दी है। इस कॉलेज के लिए फिलहाल 2.19 करोड़ रुपये की राशि आवंटित की गई है। नई बिल्डिंग बनेगी। इसके लिए अलग से राशि दी जाएगी। 

कैबिनेट ने यह भी लिए फैसले

  • प्रधानमंत्री जनमन योजना कार्यक्रम के लिए 194 नवीन आंगनवाड़ी केन्द्रों की स्थापना एवं संचालन के लिए स्वीकृति दी गई है। आंगनवाड़ी केन्द्रों का भवन निर्माण वित्त वर्ष 2023-24, 2024-25 एवं 2025-26 में भारत सरकार से वित्तीय स्वीकृति प्राप्त होने के बाद होंगे। भवनों का निर्माण जनजातीय परिवेश को ध्यान में रखकर ग्राम पंचायत करेंगे। 194 आंगनवाड़ी केन्द्रों के संचालन के लिए कुल 15.70 करोड़ रुपये की राशि स्वीकृति की गई है। 
  • जनजातीय कार्य विभाग को 2023-24 से पीएम जनमन (प्रधानमंत्री जनजाति आदिवासी न्याय महा अभियान) अन्तर्गत प्रदेश के विशेष पिछड़ी जनजाति बाहुल्य जिलों में बहुउद्देशीय केन्द्र खोलने की मंजूरी दी गई है। प्रति केन्द्र 60 लाख (साठ लाख रुपये) के मान से निर्माण को भी सैद्धांतिक मंजूरी दी गई है। 
  • प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना से मजरे-टोला को जोड़ने और प्रधानमंत्री आवास योजना की तरह बैगा, भारिया और सहरिया जनजाति के लोगों को आवास उपलब्ध कराने संबंधी प्रस्ताव को भी मंजूरी दी गई।
  • औद्योगिक क्षेत्र बाबई मुहासा में नवकरणीय ऊर्जा के उपकरण बनाने के उद्योगों के लिए दो संरचना विकास का काम करने के लिए 230 करोड़ रुपये की स्वीकृति दी गई है।  

26 जनवरी को मंत्री रहेंगे अपने गृह क्षेत्र में 

कैबिनेट बैठक के दौरान अनौपचारिक चर्चा में तय हुआ कि 26 जनवरी को सभी मंत्री अपने-अपने गृह जिले में तिरंगा फहराएंगे। जिन जिलों में मंत्री नहीं हैं, वहां अन्य जिलों से मंत्री तिरंगा फहराने जाएंगे। यह भी तय हुआ कि विश्वास सारंग, कृष्णा गौर, राव उदय प्रताप सिंह समेत चार मंत्री अपने गृह जिलों से बाहर के जिलों में ध्वजारोहण करेंगे। 

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