Home Breaking News आज का शब्द: देख-रेख और अशेष श्रीवास्तव की कविता- ये ज्वालामुखी क्या अचानक ही फूट जाता है

आज का शब्द: देख-रेख और अशेष श्रीवास्तव की कविता- ये ज्वालामुखी क्या अचानक ही फूट जाता है

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आज का शब्द: देख-रेख और अशेष श्रीवास्तव की कविता- ये ज्वालामुखी क्या अचानक ही फूट जाता है

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                            'हिंदी हैं हम' शब्द श्रृंखला में आज का शब्द है- देख-रेख, जिसका अर्थ है- देख-भाल, निरीक्षण या निगरानी। प्रस्तुत है अशेष श्रीवास्तव की कविता- ये ज्वालामुखी क्या अचानक ही फूट जाता है
                                                                                                
                                                     
                            

ये ज्वालामुखी क्या
अचानक ही फूट जाता है

सदियों की धधकती आग में
लावा उफन कर बाहर आता है

हमेशा जो घटता है वो
अकस्मात नहीं घट जाता है

बहुत समय से जमा होते कुछ
कारणों से ये घट पाता है 

बीज बोते ही वृक्ष
खड़ा नहीं हो जाता है

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15 minutes ago

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