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BCCI Asia Cup Review: मिडिल ओवर्स में धीमी बल्लेबाजी चिंता का विषय, WC के लिए नहीं हुई सैमसन के नाम की चर्चा

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BCCI Asia Cup Review: मिडिल ओवर्स में धीमी बल्लेबाजी चिंता का विषय, WC के लिए नहीं हुई सैमसन के नाम की चर्चा

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एशिया कप में भारत का प्रदर्शन खराब रहा था। टीम ग्रुप स्टेज में टॉप पर रहने के बाद सुपर फोर में दो मैच हारकर फाइनल की दौड़ से बाहर हो गई थी। भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) ने इस टूर्नामेंट में भारत के प्रदर्शन को लेकर मीटिंग की। बीच के ओवरों (मिडिल ओवर्स) में धीमी बल्लेबाजी चिंता का विषय बनकर उभरी है।

बीसीसीआई का मानना है कि सात से 15 ओवर के बीच भारतीय बल्लेबाजी काफी धीमी है और यही एकमात्र समस्या है। इस मीटिंग का मुख्य उद्देश्य आगामी टी-20  वर्ल्ड कप से पहले भारतीय टीम के प्रदर्शन में सुधार को लेकर था। इस साल टी-20 वर्ल्ड कप ऑस्ट्रेलिया में 16 अक्तूबर से खेला जाएगा। भारतीय टीम 23 अक्तूबर को मेलबर्न में पाकिस्तान से भिड़ेगी।
 
सोमवार को बीसीसीआई ने टी-20 वर्ल्ड कप के लिए भारतीय टीम का एलान किया था। साथ ही ऑस्ट्रेलिया और दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ घरेलू टी-20 सीरीज के लिए भी टीम की घोषणा की थी। ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ टी-20 सीरीज की शुरुआत 20 सितंबर से हो रही है। इससे पहले बीसीसीआई अध्यक्ष सौरव गांगुली, सचिव जय शाह ने नेशनल सेलेक्शन कमेटी के साथ एशिया कप में टीम इंडिया के खराब प्रदर्शन को लेकर बातचीत की।
बीसीसीआई के एक सीनियर अधिकारी ने न्यूज एजेंसी पीटीआई को बताया- जी हां, एशिया कप के प्रदर्शन पर चर्चा हुई। हालांकि, यह जाहिर है, समस्याओं से ज्यादा ध्यान समाधान पर है और टी20 विश्व कप के दौरान किन चीजों में सुधार करने की जरूरत है। अधिकारी ने बताया कि बैठक में कई मुद्दों पर चर्चा हुई, लेकिन बीच के ओवरों में भारत की धीमी बल्लेबाजी पर सभी ने सहमित जताई और इसे गंभीर समस्या बताया। 
अधिकारी ने बताया- मध्य ओवरों के दौरान बल्लेबाजी एक बड़ा मुद्दा है, खासकर सातवें से 15वें के बीच हमने एशिया कप में अच्छा प्रदर्शन नहीं किया है। जाहिर है टीम के थिंक-टैंक को पता है और हमारे पास कुछ विश्व स्तरीय खिलाड़ी हैं, जो स्पष्ट रूप से बेहतर कर सकते हैं। उन्हें टीम की जरूरत के हिसाब से अपने खेल में बदलाव करने की जरूरत है। दरअसल, भारत की बल्लेबाजी पर नजर डालें तो टारगेट सेट करते समय या पीछा करते हुए टीम सातवें से 15वें ओवर के बीच लड़खड़ा गई थी। 
पाकिस्तान के खिलाफ पहले मैच में भारत ने सात से 15 ओवर यानी नौ ओवरों में तीन विकेट खोकर 59 रन बनाए थे। हॉन्गकॉन्ग के खिलाफ भारत ने सात से 15 ओवर के बीच 62 रन बनाए थे। वहीं, पाकिस्तान के खिलाफ सुपर 4 मुकाबले में इन ओवरो में भारत ने सिर्फ 62 रन बनाए थे और एक विकेट गंवाया था। अफगानिस्तान के खिलाफ मैच को छोड़ दें तो मिडिल ओवर्स में भारत का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन श्रीलंका के खिलाफ था, जब टीम ने नौ ओवरों (7-15) में 78 रन बनाए थे। भारतीय बल्लेबाज स्पिनर्स को बेहतरी तरीके से नहीं खेल पा रहे हैं।
भारतीय टीम के चयन से पहले संजू सैमसन को ऋषभ पंत की जगह 15 सदस्यीय टीम में शामिल किए जाने की काफी चर्चा थी, लेकिन अब यह बात सामने आई है कि आईपीएल में राजस्थान रॉयल्स के कप्तान टीम के लिए दावेदारों में से भी नहीं थे। सीनियर अधिकारी ने बताया- संजू दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ वनडे सीरीज खेलेंगे, क्योंकि चयनकर्ता जिम्बाब्वे दौरे से निरंतरता बनाए रखना चाहते हैं। साथ ही पंत को बाहर करने पर कभी कोई चर्चा नहीं हुई। वह एकमात्र बाएं हाथ का खिलाड़ी हैं जो हमारे पास शीर्षक्रम पर हैं और वह उनका दिन होने पर कोई भी मैच जिता सकते हैं।

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एशिया कप में भारत का प्रदर्शन खराब रहा था। टीम ग्रुप स्टेज में टॉप पर रहने के बाद सुपर फोर में दो मैच हारकर फाइनल की दौड़ से बाहर हो गई थी। भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) ने इस टूर्नामेंट में भारत के प्रदर्शन को लेकर मीटिंग की। बीच के ओवरों (मिडिल ओवर्स) में धीमी बल्लेबाजी चिंता का विषय बनकर उभरी है।

बीसीसीआई का मानना है कि सात से 15 ओवर के बीच भारतीय बल्लेबाजी काफी धीमी है और यही एकमात्र समस्या है। इस मीटिंग का मुख्य उद्देश्य आगामी टी-20  वर्ल्ड कप से पहले भारतीय टीम के प्रदर्शन में सुधार को लेकर था। इस साल टी-20 वर्ल्ड कप ऑस्ट्रेलिया में 16 अक्तूबर से खेला जाएगा। भारतीय टीम 23 अक्तूबर को मेलबर्न में पाकिस्तान से भिड़ेगी।

 

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