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हाइलाइट्स
स्टार भारतीय ऑलराउंडर का आज जन्मदिन
2016 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ किया था डेब्यू
2016 टी20 वर्ल्ड कप टर्निंग पॉइंट साबित हुआ
नई दिल्ली. टीम इंडिया टी20 विश्व कप के लिए ऑस्ट्रेलिया पहुंच चुकी है. भारत ने 2007 में महेंद्र सिंह धोनी की कप्तानी में पहला टी20 विश्व कप जीता था. इसके बाद से भारत कभी इस फॉर्मेट में वर्ल्ड चैम्पियन नहीं बन पाया. इस बार रोहित शर्मा की टीम इंडिया के पास 15 साल के सूखे को खत्म करने का मौका है और इसमें एक खिलाड़ी की अहम भूमिका हो सकती है और वो हैं हार्दिक पंड्या. पंड्या ने चोट से उबरने के बाद टीम इंडिया में जब से वापसी की है. वो गेंद और बल्ले से लगातार अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं. आज यानी 11 अक्टूबर को हार्दिक का जन्मदिन है.
29 साल के हार्दिक पंड्या ने 6 साल पहले इंटरनेशनल क्रिकेट में डेब्यू किया था और आज वो टीम इंडिया के सबसे बड़े मैच विनर माने जाते हैं. बीता एक साल उनके लिए शानदार रहा है. उन्होंने इस साल आईपीएल में कप्तानी का डेब्यू साल में ही नई नवेली टीम गुजरात टाइटंस को अपने ऑलराउंड खेल से चैम्पियन बना दिया. उन्होंने आईपीएल-2022 में 15 मैच में 44.27 की औसत से 487 रन बनाने के साथ 8 विकेट भी लिए थे. इस कामयाबी के बाद से हार्दिक लगातार बेहतर प्रदर्शन कर रहे हैं और टी20 विश्व कप में भारत की सबसे बड़ी उम्मीद हैं.
पंड्या ने 2016 में किया था डेब्यू
हार्दिक ने 6 साल पहले, 2016 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ एडिलेड में इंटरनेशनल डेब्यू किया था. यह टी20 मुकाबला था. अपने इंटरनेशनल करियर के पहले ही ओवर में 19 रन आए तो हार्दिक घबरा गए. उन्होंने अपने इस ओवर में कुल पांच वाइड फेंकी थी. इसके अलावा, उनके इस ओवर में एक छक्का और एक चौका भी पड़ा था. इस ओवर के बाद हार्दिक को अपने करियर के खत्म होने का डर तक सताने लगा था. पंड्या ने खुद चैम्पियंस विद ब्रेकफास्ट शो में यह बात कही थी. लेकिन, कप्तान महेंद्र सिंह धोनी ने पंड्या का विश्वास बढ़ाया और उन्हें एक और ओवर फेंकने के लिए कहा.
डेब्यू में ही पंड्या को पड़ी थी धोनी से फटकार
इस ओवर की दूसरी गेंद पर भी छक्का पड़ा. लेकिन, आखिरी गेंद पर इस ऑलराउंडर ने क्रिस लिन का विकेट हासिल कर लिया. अपना पहला विकेट लेने के बाद पंड्या खुशी के मारे उछलने लगे थे और लिन के पास पहुंच गए थे. इसके बाद उन्हें कैप्टन कूल यानी धोनी से कड़ी फटकार मिली थी. तब धोनी ने उन्हें कहा था कि ऐसा तुम आखिरी बार कर रहे हो. बस, धोनी की इसी बात को पंड्या ने दिल में बैठा लिया और फिर पीछे मुड़कर नहीं देखा.
2016 टी20 विश्व कप टर्निंग पॉइंट साबित हुआ
2016 में ही पंड्या को पहली बार टी20 विश्व कप में खेलने का मौका मिला और यह उनके करियर का टर्निंग पॉइंट साबित हुआ. भारत में हुए इस विश्व कप में पंड्या ने एक मुकाबले में टीम को बांग्लादेश के खिलाफ हार से बचा लिया था. इस मैच में बांग्लादेश को आखिरी ओवर में 10 रन की दरकार थी. धोनी ने युवा पंड्या को गेंद थमाई. पंड्या ने पहली 3 गेंद में दो चौके खाए. अब मैच हाथ से फिसलता दिख रहा था. लेकिन, पंड्या ने लगातार दो विकेट लेकर शानदार कमबैक किया और फिर आखिरी गेंद पर धोनी ने ऐतिहासिक रन आउट कर टीम इंडिया को हार से बचा लिया.
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चोट के बाद किया दमदार कमबैक
पंड्या के करियर के लिए यह मैच टर्निंग पॉइंट साबित हुआ और वो टीम इंडिया का हिस्सा बन गए. हालांकि, अगले कुछ सालों में पंड्या ने एक खिलाड़ी के तौर पर अपना कद और मजबूत किया. लेकिन, फिर उनके करियर पर चोटों का साया पड़ गया. पीठ की चोट ने पंड्या को काफी परेशान किया. उनका गेंदबाजी करना तक मुश्किल हो गया था. वो 2 साल इस चोट से जूझते रहे.
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पिछले साल टी20 विश्व कप में उन्होंने कुछ मैच में गेंदबाजी की. लेकिन, असरदार नहीं दिखे. इसके बाद, पंड्या ने क्रिकेट से ब्रेक लिया. अपनी फिटनेस पर काम किया और आईपीएल-2022 से मैदान में लौटे और गुजरात टाइटंस को चैम्पियन बना दिया. अब फैंस को उनसे टी20 विश्व कप में भी ऐसे ही चमकदार प्रदर्शन की उम्मीद है.
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Tags: Hardik Pandya, Ms dhoni, Rohit sharma, T20 World Cup, T20 World Cup 2022, Team india
FIRST PUBLISHED : October 11, 2022, 08:43 IST
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