Home Breaking News क्या खाएं और क्या बचाएं: नीबू को भी लगी महंगाई की नजर, सब्जियों के दाम पहले ही बिगाड़े बैठे रसोई का बजट

क्या खाएं और क्या बचाएं: नीबू को भी लगी महंगाई की नजर, सब्जियों के दाम पहले ही बिगाड़े बैठे रसोई का बजट

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क्या खाएं और क्या बचाएं: नीबू को भी लगी महंगाई की नजर, सब्जियों के दाम पहले ही बिगाड़े बैठे रसोई का बजट

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नींबू की बढ़ती कीमतों से भी रसोई का बजट बिगाड़ रहा है। अब नींबू 200 किलो मिल रहा है। ऐसे में 10 रुपये का एक नींबू मिल रहा है।

बीते दिनों हुई बारिश के कारण सब्जियों की फसल खराब होने से एक बार फिर दाम आसमान छू रहे हैं। हरी सब्जियां पहले से महंगी है और अब नींबू पर भी महंगाई का असर दिखने लगा है। ऐसे में अब किचन से सब्जी के साथ अब नींबू गायब होने लगा है। मंडी में 160 रुपये किलो मिल रहा है लेकिन सेक्टरों में 200 तक पहुंच गया है। 

बल्लभगढ़ और एनआईटी सब्जी मंडी में 50 रुपये 250 ग्राम नींबू (5 नींबू) मिल रहे हैं। बल्लभगढ़ सब्जी मंडी के व्रिकेता राकेश ने बताया कि बरसात से पहले नींबू का दाम 20 रुपये के 250 ग्राम था लेकिन अब यह दाम बढ़कर 40 से 50 रुपये के 250 ग्राम हो गए। नींबू अब 160 से 200 रुपये प्रति किलो बिक रहा है। नींबू दूसरे राज्यों से आता है। बरसात की वजह से उन राज्यों की फसल खराब होने की वजह से नींबू के दाम बढ़ गए हैं। सब्जी विक्रेता प्रदीप ने बताया कि गर्मी के बाद दूसरी बार नींबू के रेट बढ़े हैं। उन्होंने बताया कि अक्तूबर में मौसम थोड़ा ठंडा होने के बावजूद भी नींबू के दाम बढ़े है।

हरी सब्जियां भी हुई मंहगी

बरसात के बाद हरी सब्जी भी महंगी हो गई है। पहले सब्जी विक्रेता के द्वारा 10 रुपये की दो पालक की गड्डी दी जाती थी लेकिन अब एक गड्डी 20 रुपये की हो गई है। इसके अलावा हरा धनियां 20 रुपये 250 ग्राम बेचते थे लेकिन अब 40 से 50 रुपये के ग्राम हो गया है। अब धनिया 160 से 200 रुपये किलो है। दुकानदारों के मुताबिक हरी सब्जियों के दाम में 10 से 20 रुपये की बढ़ोतरी हुई है। पिछले सप्ताह पहले 30 रुपये प्रति किलो मिलने वाला प्याज 40 का मिल रहा है।  30 रुपये किलो मिलने वाला टमाटर 50 रुपये किलो मिल रहा है।

लोगों से बातचीत

दो दिन से नींबू भी महंगा मिल रहा है। हरी सब्जियां तो पहले से ही महंगी मिल रही है। महंगाई होने से कम सब्जियां ले रहे हैं। -सुनीता, गृहणी

सब्जियों के दाम में बढ़ोतरी से लोगों की परेशानी बढ़ गई है, महंगाई इतनी है कि समझ नहीं आता क्या खाएं और क्या बचाएं। -मीना देवी



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