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हिमाचल चुनाव : अहम सुधारों का गवाह बनेगा, अपराधियों को उम्मीदवार बनाने पर पहली बार दलों की नैतिक घेराबंदी

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हिमाचल चुनाव : अहम सुधारों का गवाह बनेगा, अपराधियों को उम्मीदवार बनाने पर पहली बार दलों की नैतिक घेराबंदी

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हिमाचल प्रदेश विधानसभा चुनाव

हिमाचल प्रदेश विधानसभा चुनाव
– फोटो : अमर उजाला

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हिमाचल प्रदेश विधानसभा चुनाव चुनाव सुधार की दृष्टि से भविष्य में नजीर बन सकता है। राजनीति में अपराधियों के प्रवेश पर अंकुश लगाने की राजनीतिक दलों की आनाकानी के बाद चुनाव आयोग ने पहली बार इस दिशा में दलों की नैतिक घेराबंदी की है। अब राजनीतिक दलों को पहली बार प्रिंट मीडिया और सोशल मीडिया के जरिए बताना होगा कि उसने किन परिस्थितियों में आपराधिक मामलों का सामना कर रहे व्यक्ति को अपना उम्मीदवार बनाया है?

इस चुनाव में आयोग ने सुधार की दिशा में कई और प्रयोग किए हैं। मसलन पहली बार चुनाव के जरिए महिला-दिव्यांग सशक्तिकरण, मतदान बढ़ाने के लिए मतदाताओं को विशेष परिस्थिति में मतदान केंद्र तक पहुंचाने, बुजुर्ग और गंभीर बीमारी से जूझ रहे मतदाता को घर से ही वोट देने की सुविधा उपलब्ध कराने और नए मतदाताओं को जोडऩे के लिए कई अहम बदलाव लाने का सिलसिला शुरू किया है।

नए मतदाताओं के लिए भी प्रयोग
मतदाताओं की संख्या बढ़ाने और नए मतदाताओं की सुविधा के लिए आयोग ने इसी चुनाव के सिलसिले में अपने नियमों में बड़ा बदलाव किया है। पहली बार आयोग ने 17 साल का सफर पूरा कर चुके मतदाताओं को पहचान पत्र के लिए अप्लाई करने का विकल्प दिया है।

केवाईसी एप से भी खंगाल सकेंगे कुंडली
आयोग ने केवाईसी एप के जरिए उम्मीदवारों के संदर्भ में सारी जानकारी इसी चुनाव से मुहैया कराने का फैसला किया है। राजनीति में दागियों के बढ़ते दबदबे के बीच यह फैसला अहम है। हालात कितने बदतर हैं, इसका अंदाजा वर्तमान लोकसभा से लगाया जा सकता है। इस लोकसभा में 543 में से 233 सांसद दागी हैं।

महिला-दिव्यांग संचालित बूथ  
यह पहला चुनाव है जिसमें आयोग ने हर विधानसभा में एक मतदान केंद्र को महिला संचालित और कुछ मतदान केंद्रों को दिव्यांग संचालित बनाने का फैसला किया है। पहली बार आयोग ने विशेष परिस्थिति में मतदाताओं के लिए पिक एंड ड्रॉप की व्यवस्था की घोषणा की है।

सत्ता में लौटे तो पुरानी पेंशन बहाल करेगी कांग्रेस : प्रियंका
कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी वाड्रा ने शुक्रवार को कहा कि यदि कांग्रेस हिमाचल में सत्ता में लौटी तो राज्य में पुरानी पेंशन योजना बहाल की जाएगी। कांग्रेस महासचिव वाड्रा ने हिमाचल के सोलन में परिवर्तन प्रतिज्ञा रैली को संबोधित करते हुए राज्य के सरकारी कर्मचारियों से यह वादा किया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस के सत्ता में आने के बाद मंत्रिमंडल की पहली बैठक में ही पुरानी पेंशन बहाली और एक लाख नौकरियां देने का फैसला किया जाएगा। गांधी ने यहां मां शूलिनी मंदिर में पूजा अर्चना की। प्रियंका ने सोलन में फूड प्रोसेसिंग प्लांट खोलने का एलान किया। उन्होंने कहा कि इस प्लांट से टमाटर का सॉस तैयार किया जाएगा।

झूठे वादे करती है कांग्रेस, जनता भाजपा के साथ : ठाकुर
केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर ने कहा कि डबल इंजन की सरकार ने हिमाचल प्रदेश में शानदार काम किया है। जनता का आशीर्वाद एक बार फिर भारतीय जनता पार्टी के साथ होगा। कांग्रेस ने वादा किया था कि हर घर में सरकारी नौकरी देंगे मगर 5 साल बीत गए मगर 5000 लोगों को भी नौकरी नहीं मिली थी। तो कांग्रेस हर चुनाव में नया शिगूफा लेकर आती है और कुछ नहीं कर पाती है। राजस्थान ने ओपीएस लागू करने का वादा किया था, छत्तीसगढ़, राजस्थान में कृषि ऋण माफ करने की बात थी पर सभी वादे झूठे निकले।

हिमाचल चुनाव की घोषणा के बाद मोदी से मिले शाह और पटेल
गृह मंत्री अमित शाह व गुजरात के सीएम भूपेंद्र पटेल ने हिमाचल प्रदेश में चुनाव की घोषणा होने के तुरंत बाद पीएम नरेंद्र मोदी से भेंट की। साथ में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष सीआर पाटिल भी थे। पीएम आवास पर हुई मुलाकात से माना जा रहा है कि पार्टी के शीर्ष नेताओं के बीच गुजरात को लेकर कई मुद्दों पर चर्चा हुई। गुजरात में इसी महीने के अंत तक चुनाव की घोषणा हो सकती है। भाजपा पिछले छह बार से लगातार गुजरात में विधानसभा चुनाव जीत रही है और 27 साल से वहां सत्ता में है। इनमें से करीब 12 साल नरेंद्र मोदी गुजरात के सीएम रहे हैं।

विधानसभा चुनाव में आप को सबक सिखाएंगे गुजराती : स्मृति ईरानी
भाजपा ने शुक्रवार को आम आदमी पार्टी पर तीखा हमला करते हुए कहा कि विधानसभा चुनाव में गुजराती केजरीवाल की पार्टी को सबक सिखाएंगे। एक पुराने वीडियो में गुजरात आप प्रभारी गोपाल इटालिया कथित तौर पर पीएम मोदी की मां का मजाक उड़ाते दिखाई दे रहे हैं। वीडियो में इटालिया पीएम मोदी के लिए भी कथित तौर पर अपमानजनक शब्द कहते बताए गए हैं। केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी ने मीडिया से कहा कि अगर उन्हें लगता है कि प्रधानमंत्री की मां को अपशब्द कह कर गुजरात में राजनीतिक तौर पर लोकप्रियता मिलेगी तो वे गलत हैं।

इस गलती के लिए आने वाले चुनाव में गुजरात और गुजराती आप को सबक सिखाएंगे। ईरानी ने दावा किया कि इटालिया ने केजरीवाल के निर्देश पर यह टिप्पणी की है। अगर आप नेता सौ वर्ष की एक महिला का अपमान करते हैं तो इसे माफ नहीं किया जा सकता। इटालिया को बृहस्पतिवार को यहां दिल्ली पुलिस ने ढाई घंटे से अधिक समय तक हिरासत में रखा था। इस पर केजरीवाल ने कहा था कि इटालिया को हिरासत में लेने से गुजरात में पटेल समाज काफी नाराज है।

विस्तार

हिमाचल प्रदेश विधानसभा चुनाव चुनाव सुधार की दृष्टि से भविष्य में नजीर बन सकता है। राजनीति में अपराधियों के प्रवेश पर अंकुश लगाने की राजनीतिक दलों की आनाकानी के बाद चुनाव आयोग ने पहली बार इस दिशा में दलों की नैतिक घेराबंदी की है। अब राजनीतिक दलों को पहली बार प्रिंट मीडिया और सोशल मीडिया के जरिए बताना होगा कि उसने किन परिस्थितियों में आपराधिक मामलों का सामना कर रहे व्यक्ति को अपना उम्मीदवार बनाया है?

इस चुनाव में आयोग ने सुधार की दिशा में कई और प्रयोग किए हैं। मसलन पहली बार चुनाव के जरिए महिला-दिव्यांग सशक्तिकरण, मतदान बढ़ाने के लिए मतदाताओं को विशेष परिस्थिति में मतदान केंद्र तक पहुंचाने, बुजुर्ग और गंभीर बीमारी से जूझ रहे मतदाता को घर से ही वोट देने की सुविधा उपलब्ध कराने और नए मतदाताओं को जोडऩे के लिए कई अहम बदलाव लाने का सिलसिला शुरू किया है।

नए मतदाताओं के लिए भी प्रयोग

मतदाताओं की संख्या बढ़ाने और नए मतदाताओं की सुविधा के लिए आयोग ने इसी चुनाव के सिलसिले में अपने नियमों में बड़ा बदलाव किया है। पहली बार आयोग ने 17 साल का सफर पूरा कर चुके मतदाताओं को पहचान पत्र के लिए अप्लाई करने का विकल्प दिया है।

केवाईसी एप से भी खंगाल सकेंगे कुंडली

आयोग ने केवाईसी एप के जरिए उम्मीदवारों के संदर्भ में सारी जानकारी इसी चुनाव से मुहैया कराने का फैसला किया है। राजनीति में दागियों के बढ़ते दबदबे के बीच यह फैसला अहम है। हालात कितने बदतर हैं, इसका अंदाजा वर्तमान लोकसभा से लगाया जा सकता है। इस लोकसभा में 543 में से 233 सांसद दागी हैं।

महिला-दिव्यांग संचालित बूथ  

यह पहला चुनाव है जिसमें आयोग ने हर विधानसभा में एक मतदान केंद्र को महिला संचालित और कुछ मतदान केंद्रों को दिव्यांग संचालित बनाने का फैसला किया है। पहली बार आयोग ने विशेष परिस्थिति में मतदाताओं के लिए पिक एंड ड्रॉप की व्यवस्था की घोषणा की है।



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