Home World Success Story: नौकरी गई तो टेंशन नहीं! लंदन में वड़ा पाव बेच मालामाल हुए ये 2 दोस्त

Success Story: नौकरी गई तो टेंशन नहीं! लंदन में वड़ा पाव बेच मालामाल हुए ये 2 दोस्त

0
Success Story: नौकरी गई तो टेंशन नहीं! लंदन में वड़ा पाव बेच मालामाल हुए ये 2 दोस्त

[ad_1]

सुजय सोहानी लंदन: ब्रिटेन (ब्रिटेन) में रहने वाले इन दो भारतीयों सुजय सोहानी (सुजय सोहानी) और सुबोध जोशी (सुबोध जोशी) की कहानी प्रेरणादायक है। ये दोनों कॉलेज के समय से दोस्त हैं और अब साथ में लंदन (लंदन) में वड़ा पाव (वड़ा पाव) बेच रहे हैं। जब इन लोगों की नौकरी गई तो वो तनाव में नहीं आए और बुरे समय में हथियार नहीं। उन्होंने लंदन में ही साथ मिलकर वेड़ा पाव की दुकान खोली और अब लाखों में कमा रहे हैं। सोशल मीडिया पर यूजर्स इन दोस्तों की जमकर तारीफ कर रहे हैं।

रिश्ते में नौकरी छोड़ दी थी

द बेटर इंडिया में छपी एक रिपोर्ट के मुताबिक, सुजय सोहानी और सुबोध जोशी पुराने दोस्त हैं। दोनों ने साथ में मुंबई के कॉलेज में पढ़ाई की। इसके बाद दोनों लोग लंदन चले गए। उन्होंने लंदन में नौकरी करना शुरू किया। पहले वो लंदन के मशहूर होटल में काम करते थे, लेकिन अब उनका नाम ब्रांड हो गया है। साल 2010 से सुजय सोहानी और सुबोध जोशी की जिंदगी में सब कुछ अच्छा चल रहा था। लेकिन फिर रिश्ता टूटने की वजह से दोनों की नौकरी चली गई। विदेश में परिवार से दूर रहना दोनों के लिए बहुत मुश्किल था। लेकिन दोनों का इस हालत में डटकर सामना हुआ।

लंदन में कोठरी वेड़ा पाव की दुकान

आरोपित है कि सुजय सोहानी और सुबोध जोशी ने नौकरी जाने के बाद फैसला किया कि वो दोनों वेरा पाव की दुकान खोलेंगे। और फिर दोनों ने लंदन में वड़ा पाव का बिजनेस शुरू किया और आज जमकर कमाई कर चुके हैं।

ऐसे सींक वेड़ा पाव Business

बता दें कि पहले उन्होंने एक मशहूर आइसक्रीम पार्लर में थोड़ी जगह रेंट पर ली और वेड़ा पाव का स्टॉल लगाया। शुरुआत में उनका काम नहीं चला। फिर लंदन में उन्होंने तैरने पर जा-जाकर लोगों को फ्री में वड़ा पाव देना शुरू किया। इसके बाद धीरे-धीरे लोगों को वड़ा पाव पसंद आने लगा और वो रूलर कस्टमर बन गए। फिर दोनों ने एक पंजाबी रेस्तरां के साथ मिलकर काम किया और वहां वेड़ा पाव बेचने लगे। उनकी बिक्री लगातार बढ़ रही है।

जान लें कि अब सुजय सोहानी और सुबोध जोशी लंदन में श्री कृष्णा वड़ा पाव नामक रेस्तरां में वेड़ा पाव पहचाने जाते हैं। लंदन और उसके आस-पास के कई शहरों में वे खुल गए हैं। दोनों दोस्तों ने छोटे स्तर से काम शुरू किया था जो अब काफी बड़ा हो गया है।

लेखों की पहली पसंद Zeenews.com/hindi – अब किसी और की पहचान नहीं

.

[ad_2]

Source link

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here