[ad_1]
भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत ने कहा कि सरकार का एजेंडा पहले ही तय है। एक फसल के किसान को दूसरी फसल के किसान से लड़ाएगी और एक खाप से दूसरी खाप को लड़ाएगी। किसान महापंचायत में 26 जनवरी को बड़ा फैसले लिए जाएंगे, जिनमें एमएसपी की मुख्य मांग रहेगी। टिकैत जींद में पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे। 26 जनवरी को जींद में किसानों की
किसी भी प्रकार की खेती करने वाला व्यक्ति किसान है, चाहे वह तमिलनाडू का हो, केरल का हो, पंजाब या हरियाणा का हो। सभी किसान एमएसपी को लेकर एक हैं। सरकार किसानों को लड़वाने का कितना भी प्रयास कर ले लेकिन किसान एकजुट हैं, इसलिए आंदोलन किया जा रहा है। सरकार को अपने एजेंडे में कामयाब नहीं होने दिया जाएगा।
टिकैत ने कहा कि 26 जनवरी की महापंचायत में कोई भी बड़ा फैसला लिया जा सकता है। उन्होंने कर्नाटक, तमिलनाडू और केरल का दौरा किया है। सभी लोग 26 जनवरी की किसान महापंचायत के लिए तैयारियां कर रहे हैं। लोग लोग महापंचायत में पहुंचेंगे, वह ठीक, जो नहीं पहुंच पाएंगे, वह अपने खेतों में ट्रैक्टर चलाएंगे। सभी किसान संगठन एक हैं।
जींद की क्रांतिकारी धरती, हर आंदोलन में रहता है बड़ा योगदान : राकेश टिकैत
टिकैत ने कहा कि महापंचायत में किसानों के सभी मुद्दों पर बातचीत की जाएगी। महापंचायत में सभी के निर्णय से फैसला लिया जाएगा। उन्होंने सभी किसानों को अपने वालंटियर बनाने को कहा ताकि पार्किंग व लोगों के बैठने के लिए व्यवस्था सही तरीके से हो सके। भाकियू के राष्ट्रीय महासचिव युद्धवीर सहरावत ने कहा कि महापंचायत में एक लाख लोग आएंगे, इसलिए जींद के लोगों की जिम्मेदारी अधिक बनती है। जींद के लोग पहले भी ऐसे आयोजन कर चुके हैं। इसलिए यह आयोजन भी पूरी तरह से सफल रहेगा।
इसके बाद राकेश टिकैत ने महापंचायत के स्थल का निरीक्षण किया। यहां उन्होंने स्टेज बनाने से लेकर पार्किंग व अन्य व्यवस्था का जायजा लिया। भाकियू के प्रदेशाध्यक्ष रतनमान ने कहा कि भाकियू के साथ-साथ सभी किसान संगठन इस महापंचायत को सफल बनाने के लिए दिनरात लगे हुए हैं।
खटकड़ टोल कमेटी तथा राकेश टिकैत के बीच कुछ बातों को लेकर मनमुटाव चल रहा था, जो सोमवार को उनके जींद आने पर दूर हो गया। राकेश टिकैत के पिता चौधरी महेंद्र सिंह टिकैत की जयंती के मौके पर एक राजनीतिक दल द्वारा अपने नाम से सिसोली में लाइब्रेरी का पत्थर लगाने को लेकर इनके बीच नाराजगी थी। खटकड़ टोल कमेटी इस राजनीतिक दल का विरोध कर रही थी। सोमवार को खटकड़ टोल कमेटी के प्रधान सतबीर बरसोला, जयप्रकाश खटकड़, संदीप बड़ौदा, सुशील नरवाल, कविता खरकरामजी, प्रियंका, सूबे सिंह चाबरी, सुरेंद्र काला के साथ राकेश टिकैत ने बातचीत की। इसके बाद सतबीर पहलवान ने कहा कि उनके बीच कुछ बातों को लेकर मनमुटाव था जो दूर हो गया है। 26 जनवरी की महापंचायत को लेकर खटकड़ टोल कमेटी पूरी तैयारी में है।
महापंचायत में पेयजल और मोबाइल टॉयलेट की व्यवस्था की मांग
अखिल भारतीय किसान सभा के राज्य उपाध्यक्ष व किसान महापंचायत के प्रबंध कमेटी के संयोजक फूल सिंह श्योकंद ने किसान महापंचायत में पेयजल व मोबाइल टॉयलेट व शौचालयों की व्यवस्था करवाने की मांग को लेकर डीसी से मुलाकात की। इसके अलावा अनाज मंडी में दोनों शैडों को खाली करवाने की मांग की, ताकि किसी भी तरह की असुविधा न हो।
फूलसिंह श्योकंद ने कहा कि डीसी ने उनकी मांगों को लेकर सकारात्मक रवैये से पूरी करने का आश्वासन दिया है और किसानों को पंचायत में शांति बनाए रखने की सलाह दी है। कमेटी ने किसान और मजदूरों के अलावा अन्य सामाजिक व गणतंत्र प्रेमी, बुद्धिजीवी लोगों से अपील की है कि वे किसान महापंचायत की कामयाबी के लिए हर प्रकार का सहयोग करें और नरवाना, कैथल व पंजाब की तरफ से आने वाले किसानों को सलाह दी कि वह बाईपास से अपने वाहन लाएं तथा सफीदों रोड गोहाना रोड पार करके नई अनाज मंडी पहुंचे। हिसार रोड के वाहन बाईपास होकर भिवानी चौक पार करके रोहतक रोड से नई अनाज मंडी पहुंचे, ताकि किसी भी प्रकार की अवस्था न हो। इस अवसर पर रामफल कंडेला, विकास सीसर, कुलबीर मलिक, बारुराम, सूबे सिंह चाबरी, रमेश कंडेला व कविता मौजूद रहे।
[ad_2]
Source link