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AQI: दुनिया के प्रदूषित शहरों की सूची में टॉप पर पहुंचा काठमांडू, दोपहर में भी छाई धुंध, उड़ान सेवाएं भी बाधित

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AQI: दुनिया के प्रदूषित शहरों की सूची में टॉप पर पहुंचा काठमांडू, दोपहर में भी छाई धुंध, उड़ान सेवाएं भी बाधित

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Kathmandu tops list of polluted cities in world Air pollution update

काठमांडू घाटी
– फोटो : Social Media

विस्तार

विश्व में तेजी से हो रहे जलवायु परिवर्तन के कारण प्रदूषण एक बड़ी समस्या बना हुआ है। इस बीच, सामने आया है कि दुनिया के सबसे प्रदूषित शहरों की सूची में काठमांडू शीर्ष पर है। आईक्यू एयर ने अपनी रिपोर्ट में यह दावा किया है। रिपोर्ट में आईक्यू एयर ने बताया है कि रविवार दोपहर को वायु गुणवत्ता सूचकांक में सबसे प्रदूषित शहरों में  काठमांडू शीर्ष स्थान पर पहुंच गया। वर्तमान में काठमांडू में हवा में प्रदूषण की सघनता विश्व स्वास्थ्य संगठन द्वारा 24 घंटे वायु गुणवत्ता दिशानिर्देश मान द्वारा दी गई अनुशंसित सीमा से 1.9 गुना अधिक है। बता दें कि आईक्यू एयर दुनिया के 101 शहरों के वास्तविक समय के प्रदूषण को मापने वाली एक संस्था है। 

दोपहर में भी छाई रहती है धुंध

फोरा दरबार में अमेरिकी दूतावास के वायु गुणवत्ता मापक स्टेशन ने इस बारे में जानकारी दी है कि काठमांडू का एक्यूआई 200 के स्तर को पार कर गया है। इसके साथ ही शहर की हवा सांस लेने के लिए और जहरीली होती जा रही है। स्टेशन ने यह भी बताया है कि जैसे-जैसे एक्यूआई में गिरावट जारी है, काठमांडू में दृश्यता भी लगातार कम होती जा रही है। काठमांडू के निवासियों का भी कहना है कि वहां द्रश्यता काफी कम हो गई है। आलम यह है कि आकाश भैरब के पहाड़ी मंदिर से धरहरा टावर को पहले साफ देखा जा सकता था, लेकिन अब धुंध के कारण उसे देखना भी मुश्किल है।  

 उड़ानों पर भी खराब द्रश्यता का असर

काठमांडू में वायु प्रदूषण में जारी वृद्धि का असर वहां की विमानन सेवाओं पर भी पड़ रहा है। रविवार को भी घरेलू उड़ानों पर इसका असर देखा गया। त्रिभुवन अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डा (टीआईए) कार्यालय ने जानकारी दी है कि खराब दृश्यता के कारण पोखरा, भरतपुर और तुमलिंगतार सहित अन्य गंतव्यों के लिए उड़ानें बाधित हुईं हैं। टीआईए कार्यालय के प्रवक्ता टेकनाथ सितौला ने कहा कि पोखरा सहित तीन घरेलू गंतव्यों में उड़ानें पूरी तरह प्रभावित हुई हैं। साथ ही पोखरा, भरतपुर और तुमलिंगतार के लिए कोई उड़ान नहीं भरी गई है। तीन दिनों से काठमांडू सहित देश के विभिन्न स्थानों पर बढ़े वायु प्रदूषण के कारण उड़ानें प्रभावित हुई हैं। पोखरा के लिए उड़ानें शुक्रवार और शनिवार को भी प्रभावित रहीं। सितौला ने कहा कि हालांकि अंतरराष्ट्रीय क्षेत्र की उड़ानें आम तौर पर सुबह प्रभावित होती थीं, लेकिन अब नियमित रूप से हो रही हैं।  

इस वजह से बढ़ रहा प्रदूषण

इससे पहले, बीते गुरुवार को नेपाल के पर्यावरण विभाग ने राजधानी में बढ़ती धुंध और प्रदूषण को लेकर चिंता जाहिर की थी। विभाग ने कहा था कि काठमांडू घाटी और देश के मध्य और पूर्वी हिस्सों में वायु प्रदूषण का स्तर बारा, परसा, चितवन समेत देशभर में 140 से ज्यादा जगहों पर प्रदूषण के स्थानीय स्रोतों जैसे आग और कृषि अवशेषों को जलाने के कारण बढ़ गया है। इसके साथ ही कहा जा रहा है कि देश के अलग-अलग हिस्सों में आग लगने से भी प्रदूषण तेजी से बढ़ा है।

लोगों को दी गई मास्क लगाने की सलाह

पर्यावरण विशेषज्ञों ने इस स्थिति को बेहद खतरनाक बताया है। उन्होंने यह भी कहा है कि जहरीरी हवा वहां के रहने वालों के लिए ये गंभीर चिंता का विषय है। साथ ही उन्होंने लोगों को मास्क पहनने का सुझाव दिया है ताकि वायु प्रदूषण के प्रभाव को कम किया जा सके। वायु प्रदूषण के कारण हाल के वर्षों में नेपाल में सांस की बीमारियों, फेफड़ों के कैंसर, हृदय रोग, उच्च रक्तचाप और स्ट्रोक के रोगियों की संख्या में वृद्धि हुई है। अध्ययनों से पता चला है कि नेपाल में 2019 में इनडोर और आउटडोर वायु प्रदूषण के कारण 42,000 लोगों की मौत हुई। वहीं, वायु प्रदूषण के कारण होने वाली कुल मौतों में से 19 प्रतिशत 5 वर्ष से कम आयु के बच्चे थे और 27 प्रतिशत 70 वर्ष से अधिक आयु वर्ग के लोग थे।  

पहले भी कई बार लोगों को वायु प्रदूषण के खतरे से बचाने के लिए स्वास्थ्य और जनसंख्या मंत्रालय ने जनता को फेस मास्क लगाने की सलाह दी थी। इसके साथ ही पर्यावरण विभाग ने लोगों से बाहर जाने पर विशेष सावधानी बरतने की अपील की है। 

 

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