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05:33 PM, 26-Apr-2023
पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री और शिरोमणि अकाली दल के संरक्षक प्रकाश सिंह बादल के पार्थिव शरीर को अंतिम संस्कार के लिए उनके पैतृक स्थान लंबी लाया गया। यहां गांव बादल में गुरुवार को उनका अंतिम संस्कार होगा।
#WATCH | Mortal remains of former Punjab CM & Shiromani Akali Dal patron Parkash Singh Badal brought to his native place Lambi for last rites. pic.twitter.com/6xJw8PnO0D
— ANI (@ANI) April 26, 2023
01:34 PM, 26-Apr-2023
12:52 PM, 26-Apr-2023
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दोपहर को चंडीगढ़ स्थित शिरोमणि अकाली दल के कार्यालय पहुंचे और प्रकाश सिंह बादल को अपनी श्रद्धांजलि आर्पित की। गुरुवार को प्रकाश सिंह बादल का अंतिम संस्कार होगा। 95 साल की उम्र में उनका मंगलवार को मोहाली के फोर्टिस अस्पताल में निधन हो गया था।
12:47 PM, 26-Apr-2023
सुखबीर और मनप्रीत के छलके आंसू
प्रकाश सिंह बादल को श्रद्धांजलि देने पहुंच रहे नेताओं की आंखें नम हैं। हर कोई भावुक दिख रहा है। पार्थिव शरीर को लेकर निकलते वक्त सुखबीर सिंह बादल और मनप्रीत बादल के आंसू छलक पड़े। वहीं प्रकाश सिंह बादल के पोते अनंतबीर सिंह बादल भी बेहद भावुक दिखे।
12:25 PM, 26-Apr-2023
पूर्व पीएम मनमोहन सिंह ने सुखबीर सिंह बादल को एक पत्र लिखा। इसमें उन्होंने शिरोमणि अकाली दल के संरक्षक प्रकाश सिंह बादल के निधन पर शोक व्यक्त किया।
Former PM Manmohan Singh writes to Sukhbir Singh Badal & offers condolences on the demise of former Punjab CM & Shiromani Akali Dal patron Parkash Singh Badal pic.twitter.com/0FWEtEu5YS
— ANI (@ANI) April 26, 2023
12:10 PM, 26-Apr-2023
एसजीपीसी अध्यक्ष ने जताया दुख
प्रकाश सिंह बादल के निधन पर बुधवार को शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (एसजीपीसी) ने तेजा सिंह समुद्री हॉल में शोकसभा का आयोजन किया गया। इसके बाद दोपहर में शिरोमणि कमेटी के कार्यालयों को बंद कर दिया गया। गुरुवार तक कार्यालय बंद रहेंगे। शिरोमणि कमेटी कार्यालय में सभी कर्मचारियों ने शोकसभा के दौरान मूलमंत्र के बाद अरदास की। कमेटी के पदाधिकारियों ने प्रकाश सिंह बादल की पंथ सेवाओं को याद किया। वहीं एसजीपीसी अध्यक्ष हरजिंदर सिंह धामी ने प्रकाश सिंह बादल के निधन को पंथक राजनीति के लिए बड़ी क्षति बताया। शिरोमणि अकाली दल के अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल के साथ दुख साझा करते हुए उन्होंने कहा कि प्रकाश सिंह बादल जनता के नायक थे। जिन्होंने राज्य के समग्र विकास और सांप्रदायिक सद्भाव के लिए बहुत योगदान दिया।
12:10 PM, 26-Apr-2023
इन नेताओं ने दी श्रद्धांजलि
प्रकाश सिंह बादल को अंतिम श्रद्धांजलि देने हरियाणा विधानसभा अध्यक्ष ज्ञानचंद गुप्ता, हरियाणा के पूर्व सीएम ओमप्रकाश चौटाला, पंजाब की पूर्व सीएम राजिंदर कौर भट्ठल पहुंची। कुछ ही देर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी पहुंचेंगे। दोपहर बाद प्रकाश सिंह बादल की अंतिम यात्रा पार्टी कार्यालय से निकाली जाएगी।
11:26 AM, 26-Apr-2023
प्रकाश सिंह बादल के पार्थिव शरीर को पार्टी के झंडे से लपेटा गया है। पार्टी कार्यालय में लोगों का हुजूम उमड़ पड़ा है। वहां मौजूद सभी लोगों की आंखें नम हैं। हर कोई अपने नेता के अंतिम दर्शन करना चाहता है। लोग पुष्पवर्षा कर रहे हैं।
10:18 AM, 26-Apr-2023
#WATCH | Flower petals being showered as the ambulance carrying mortal remains of former Punjab CM & Shiromani Akali Dal patron Parkash Singh Badal reaches party office in Chandigarh
Mortal remains will be kept in party office for public to pay final respects pic.twitter.com/ccHGVqADJ8
— ANI (@ANI) April 26, 2023
10:00 AM, 26-Apr-2023
शिरोमणि अकाली दल के संरक्षक प्रकाश सिंह बादल को अंतिम श्रद्धांजलि देने दोपहर 12 बजे पीएम नरेंद्र मोदी चंडीगढ़ पहुंचेंगे। न्यूज एजेंसी एएनआई ने सूत्रों के हवाले से यह जानकारी दी है। इससे पहले मंगलवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने प्रकाश सिंह बादल के निधन पर शोक व्यक्त किया था।
09:29 AM, 26-Apr-2023
27 अप्रैल को छुट्टी का एलान
पंजाब सरकार ने पूर्व मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल के निधन पर 27 अप्रैल को छुट्टी का एलान किया है। इस दौरान सभी दफ्तर और विधिक संस्थान बंद रहेंगे। बता दें कि 27 अप्रैल को पैतृक गांव में प्रकाश सिंह बादल का अंतिम संस्कार होगा।
09:28 AM, 26-Apr-2023
विधानसभा अध्यक्ष ने व्यक्त किया शोक
पंजाब विधानसभा अध्यक्ष कुलतार सिंह संधवां ने पूर्व मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल के निधन पर गहरा दुख व्यक्त किया है। अपने शोक संदेश में विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल ने लंबे समय तक सिख और पंजाब की राजनीति में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। शिरोमणि अकाली दल को एक क्षेत्रीय पार्टी के रूप में महत्वपूर्ण स्थान दिलाने में उनके योगदान और कई उतार-चढ़ाव के बीच उनकी नेतृत्वकारी भूमिका को हमेशा याद रखा जाएगा। बादल परिवार के साथ अपनी संवेदना व्यक्त करते हुए उन्होंने ईश्वर से प्रार्थना की है कि वह परिवार को इस भारी क्षति को सहन करने की शक्ति प्रदान करें और दिवंगत आत्मा को अपने चरणों में शाश्वत स्थान दें।
12:33 AM, 26-Apr-2023
Parkash Singh Badal: चंडीगढ़ से रवाना बादल की पार्थिव देह, PM मोदी ने दी श्रद्धांजलि, मजीठिया चला रहे एंबुलेंस
पंजाब के दिग्गज नेता प्रकाश सिंह बादल ने पांच बार मुख्यमंत्री का पद संभाला। वे पंजाब के सबसे युवा और उम्रदराज मुख्यमंत्री रहे हैं। उन्होंने पहली बार 1970 में 43 साल की उम्र में मुख्यमंत्री के तौर पर शपथ ली, तब वह पंजाब के सबसे कम उम्र के सीएम बने थे। साल 2012 में 84 वर्ष की आयु में बादल ने सबसे उम्रदराज सीएम के तौर पर शपथ ली। भारत सरकार ने उन्हें 2015 में देश के दूसरे सर्वोच्च नागरिक सम्मान पद्म विभूषण से सम्मानित किया था।
प्रदेश की सिख केंद्रित राजनीति का केंद्र बिंदु रहे बादल धार्मिक सिख संस्थाएं- एसजीपीसी और डीएसजीपीसी में भी अपना प्रभाव रखते थे। उन्होंने अपने राजनीतिक जीवन की शुरुआत 1947 में की। वह अपने गांव बादल के सरपंच और फिर ब्लॉक समिति लंबी के अध्यक्ष रहे। वह 1957 में राजनीतिक दल शिरोमणि अकाली दल के टिकट पर पहली बार पंजाब विधानसभा के लिए चुने गए।
इसके बाद 1969 में भी वह विधायक चुने गए और राज्य की सरकार में सामुदायिक विकास, पंचायती राज, पशुपालन, डेयरी और मत्स्य पालन मंत्री बने। 1972, 1980 और 2002 में उनकी पार्टी को विपक्ष में बैठना पड़ा और तब बादल विधानसभा में विपक्ष के मजबूत नेता के रूप में भी सफल रहे। साल 2022 पंजाब विधानसभा चुनाव में भी उन्होंने लंबी विधानसभा क्षेत्र से विधानसभा चुनाव लड़ा। आम आदमी पार्टी की लहर में उन्हें अपनी सीट गंवानी पड़ी। चुनाव लड़ते ही देश के सबसे उम्रदराज उम्मीदवार का रिकॉर्ड उनके साथ जुड़ गया।
चंडीगढ़ से बठिंडा तक निकलेगी अंतिम यात्रा
पूर्व मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल का अंतिम संस्कार 27 अप्रैल गुरुवार को उनके पैतृक गांव बादल में दोपहर एक बजे होगा। इससे पहले 26 अप्रैल को उनके पार्थिव शरीर को आम लोगों के दर्शन के लिए सुबह 10 बजे चंडीगढ़ के सेक्टर 28 स्थित शिरोमणि अकाली दल के कार्यालय में रखा जाएगा। इसके बाद दोपहर करीब 12 बजे उनकी अंतिम यात्रा शुरू होगी। यह यात्रा राजपुरा, पटियाला, संगरूर, बरनाला, रामपुरा फूल, बठिंडा के रास्ते गांव बादल पहुंचेगी।
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