[ad_1]

चक्रवात बिपरजॉय
– फोटो : ANI
विस्तार
अरब सागर में उठा भीषण चक्रवात बिपरजॉय कल गुजरात में कच्छ तट से टकराएगा। इसे लेकर मौसम विभाग ने रेड अलर्ट जारी कर दिया गया है। इतना ही नहीं, सरकार ने किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पूरी तैयारियां कर रखी हैं। इसी बीच, मानसून को लेकर भारतीय मौसम विभाग ने भी बड़ी जानकारी दी है। मौसम विभाग ने कहा है कि दक्षिण-पश्चिम मॉनसून केरल में शुरूआती देरी के बाद रविवार से देश के दक्षिणी प्रायद्वीप और पूर्वी हिस्सों में आगे बढ़ने वाला है।
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के महानिदेशक मृत्युंजय महापात्र ने कहा कि चक्रवात बिपरजॉय ने खुद को मानसून के प्रवाह से पूरी तरह अलग कर लिया है। उन्होंने पूरी तरह से साफ कर दिया है कि मौसमी वर्षा प्रणाली की प्रगति पर इसका कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा। उन्होंने कहा कि अगर चक्रवात बिपरजॉय उत्तर-पश्चिम में ओमान की ओर बढ़ता तो इससे मानसूनी प्रवाह प्रभावित होता।
उन्होंने कहा कि चक्रवात ने भूमध्यरेखीय प्रवाह को मजबूत करके मानसून को आगे बढ़ने में मदद की है। यह दक्षिण-पूर्व अरब सागर के ऊपर बना हुआ है। 18 से 21 जून के बीच दक्षिण प्रायद्वीप के कुछ और हिस्सों और पूर्वी भारत और आसपास के क्षेत्रों में दक्षिण-पश्चिम मानसून के आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियाँ अनुकूल होती जा रही हैं।
[ad_2]
Source link