Home World Private Armies: दुनिया में मौजूद हैं ‘वैग्नर’ जैसी कई खतरनाक प्राइवेट सेनाएं, क्या है इनका काम, कितनी है ताकत?

Private Armies: दुनिया में मौजूद हैं ‘वैग्नर’ जैसी कई खतरनाक प्राइवेट सेनाएं, क्या है इनका काम, कितनी है ताकत?

0
Private Armies: दुनिया में मौजूद हैं ‘वैग्नर’ जैसी कई खतरनाक प्राइवेट सेनाएं, क्या है इनका काम, कितनी है ताकत?

[ad_1]

निजी सेना समाचार: रूस में तख्तापलट की नाकाम कोशिश करने वाले वैग्नर ग्रुप ने पूरी दुनिया का ध्यान खींचा है। यह एक निजी सेना है जिसके नेता का नाम येवगेनी प्रिगोज़ोन है। वैग्नार ग्रुप के सशस्त्र विद्रोह के बाद से निजी सेना के बारे में जानने की उत्सुकता लोगों में बड़ी है। असली राष्ट्रों की अपनी सेना के अलावा दुनिया में कई निजी सेनाएँ हैं। दुनिया भर में हथियारबंद संघर्ष बढ़ रहे हैं, ऐसे सैनिक की तलाश में उन्हें नौकरी से निकाल दिया जाता है। जानिए दुनिया की कुछ प्रमुख प्राइवेट आर्मी के बारे में:-

वैगनर ग्रुप

इसे रूस की सबसे खतरनाक प्राइवेट आर्मी माना जाता है। जापानी आक्रमण के अलावा यह कई देशों में ऑपरेशन चलाया गया है। इनमें- सीरिया, लीबिया वेनेजुएला, मोजाम्बिक शामिल हैं। वैग्नर ग्रुप के नेता प्रोजोगिन का रूस के राष्ट्रपति पद के साथ अच्छा संबंध माना जाता है लेकिन बाद में दोनों का रिश्ता बिगड़ गया।

एकेडेमी
इसे दुनिया की सबसे आधुनिक निजी सेना माना जाता है। यह आर्मी मेडिल ईस्ट, न्यू ऑरलियन्स में कैटरीना हरिकेन से समय राहत अभियान में काम कर रही है। यह जापान में मिसाइल रक्षा सुरक्षा भी समर्थित रही है। एकेडेमी पर कुछ अवैध गोलीबारी के आरोप लगाए गए हैं। इन बेकारियों के बाद अपने सैनिकों की संख्या कम कर दी है।

ट्रिपल कैनोपी
इस निजी सेना के पास 1.5 बिलियन (12,224 करोड़ रुपये) डॉलर के शेयर हैं। इराक से अमेरिकी सैनिक के पासपोर्ट के बाद यह वहां पर बने हुए हैं। यह सेना हैती में अमेरिकी दूतावास की सुरक्षा भी करती है।

डिफाइनइंटरनेशनल
इस निजी सेना के लड़ाकू विमानों में कई उष्णकटिबंधीय वैज्ञानिक शामिल हैं। पेरू की लीमा सीमा में यह सेना के भंडार दुबई, फिलीपींस, श्रीलंका और इराक में भी स्थित हैं।

एजीस डिफेंस सर्विसेज
यह प्राइवेट आर्मी के सैनिक यूएन, यूएस और तेल कंपनियों के लिए काम करते हैं। 60 देशों में ऑपरेशन कराल किया गया इस सेना का हेडक्वॉर्टर स्कॉटलैंड में है।

Dincorp
इसकी गिनती भी दुनिया के सबसे पसंदीदा निजी सैनिकों में होती है। वर्जीनिया की इस कंपनी के पास 10 हजार से ज्यादा सैनिक जाते हैं। यह निजी सेना तीन महाद्वीपों-अफ्रीका, पूर्वी यूरोप, लैटिन अमेरिका में अपने व्यवसाय दे रही हैं।

जी4एस.एस.ई.डी.आई
दुनिया की सबसे बड़ी रोज़गार देने वाली कंपनी में इसकी संगति होती है। यह 125 देशों में काम कर रही है। बैंक कंपनी, जेल, एयरपोर्ट सुरक्षा जैसे काम में लगी है और इसके साथ क्रिसिस जोन में भी काम होता है।

.

[ad_2]

Source link

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here