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डिजिटल डेस्क, अंकारा। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, तुर्की के राष्ट्रपति रेसेप तैयप अर्दोगन ने कहा कि तुर्की के अल्पसंख्यक स्वीडन की नाटो सदस्योमीता पर तुर्की के हितों के लिए सही निर्णय तय है। 11-12 जुलाई को लिथुआ की राजधानी विनियस में नाटो शिखर सम्मेलन का आयोजन किया गया, जिसमें तुर्की के राष्ट्रपति ने गुरुवार को कहा, “हमारी संसद हमारे देशों के हितों के संवैधानिक अधिकार का निर्णय लेती है।”
फिनलैंड और स्वीडन ने फरवरी 2022 में नाटो एसोसिएशन के लिए आवेदन किया था। समाचार एजेंसी शिन्हुआ की रिपोर्ट के अनुसार, तुर्की ने इस साल मार्च में फ़िनलैंड की सदसयोमीता को मंजूरी दे दी थी, लेकिन अभी तक स्वीडन को मंजूरी नहीं दी गई है। अर्दोगन ने कहा, “स्वीडन की नाटो एसोसिएशन (नाटो) शिखर सम्मेलन के संदर्भ में शामिल देशों में से एक था। इस मुद्दे पर हमारे पुरातनपंथी दृष्टिकोण की शुरुआत ही स्पष्ट हो रही है।” नाटो शिखर सम्मेलन में भाग लेने से पहले, तुर्की के राष्ट्रपति ने स्वीडन की नाटो संधि पर कटाक्ष भाषण देते हुए कहा कि तुर्की के नाटो गठबंधन के लिए यूरोपीय संघ को अंकारा की ओर रुख करना चाहिए ।।
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