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Chess World Cup Final: टाईब्रेक में कार्लसन से पहला गेम हारे प्रगनाननंदा, दूसरा गेम नहीं जीते तो हार तय

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Chess World Cup Final: टाईब्रेक में कार्लसन से पहला गेम हारे प्रगनाननंदा, दूसरा गेम नहीं जीते तो हार तय

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Chess World Cup Final match between Praggnanandhaa-Carlsen Result Updates and Highlights

रमेशबाबू प्रगनाननंदा बनाम मैग्नस कार्लसन
– फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार


रमेशबाबू प्रगनाननंदा और विश्व नंबर एक नार्वे के मैग्नस कार्लसन के बीच विश्व कप का फाइनल मुकाबला जारी है। टाईब्रेक में पहले गेम में प्रगनाननंदा को हार का सामना करना पड़ा है। मैच में बने रहने के लिए उन्हें हर हाल में दूसरा गेम काले मोहरों के साथ जीतना होगा। वहीं, कर्लसन यह गेम जीतकर विश्व चैंपियन बनना चाहेंगे। दोनों खिलाड़ियों के बीच शुरुआती दो मुकाबले ड्रॉ रहे थे। ऐसे में यह मैच टाई ब्रेकर में पहुंच चुका है और यहां जीतने वाला खिलाड़ी ही चैंपियन बनेगा। दोनों खिलाड़ियों के बीच पहली बाजी 35 चाल के बाद ड्रॉ रही थी और दूसरी बाजी भी 30 चाल के बाद ड्रॉ रही। 

शुरुआती दो मुकाबलों में क्या हुआ?

रमेशबाबू प्रगनाननंदा और मैग्नस कार्लसन के बीच विश्व कप के फाइनल मैच में क्लासिकल प्रारूप का पहला गेम मंगलवार को हुआ था। प्रगनाननंदा सफेद और कार्लसन काले मोहरों के साथ खेल रहे थे। दोनों खिलाड़ियों ने बहुत ही संयमित तरीके से यह मैच खेला। बाद में कार्लसन ने काले मोहरों के साथ यह मैच जीतने की कोशिश की, लेकिन प्रगनाननंदा ने शानदार रक्षात्मक खेल दिखाया और मैच बचाने में सफल रहे। 35 चाल के बाद दोनों खिलाड़ियों ने हाथ मिलाए और मैच ड्रॉ पर खत्म हुआ। 

क्लासिकल प्रारूप में दूसरा मुकाबला बुधवार को खेला गया। इस मैच में कार्लसन सफेद मोहरों के साथ खेल रहे थे और प्रगनाननंदा काले मोहरों के साथ खेल रहे थे। इस मैच में भी दोनों खिलाड़ी संयमित नजर आए और शुरुआत से ही लग रहा था कि मैच ड्रॉ होगा और अंत में हुआ यही। एक घंटे तक चले मुकाबले में दोनों खिलाड़ियों ने 30 चालें चलीं, लेकिन मैच बराबरी पर रहा और अंत में दोनों ने ड्रॉ खेलने का फैसला किया। इस मैच में कार्लसेन शुरुआत में समय के लिहाज से आगे थे, लेकिन इसका फायदा नहीं उठा सके और अंत में वह खुद समय के मामले में पिछड़ने लगे थे। 

फाइनल में जगह बनाने के बाद, प्रगनानंदा दिग्गज बॉबी फिशर और कार्लसन के बाद कैंडिडेट्स टूर्नामेंट के लिए क्वालीफाई करने वाले तीसरे सबसे कम उम्र के खिलाड़ी बन गए।

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