Home Breaking News Khalistan: इधर ट्रूडो से सख्ती के लिए कहते रहे PM मोदी, उधर कनाडा में खालिस्तानी करने लगे जनमत संग्रह की मांग

Khalistan: इधर ट्रूडो से सख्ती के लिए कहते रहे PM मोदी, उधर कनाडा में खालिस्तानी करने लगे जनमत संग्रह की मांग

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Khalistan: इधर ट्रूडो से सख्ती के लिए कहते रहे PM मोदी, उधर कनाडा में खालिस्तानी करने लगे जनमत संग्रह की मांग

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PM Modi told Justin Trudeau to be strict, Khalistanis raised slogans in Canada

पीएम मोदी ने जी20 के दौरान जस्टिन ट्रूडे के सामने जोर-शोर से खालिस्तान का मुद्दा उठाया था।
– फोटो : Social Media

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कनाडा में खालिस्तानी मूवमेंट पर वहां की सरकार कितनी सख्ती करती है, इसकी बानगी सोमवार को देखने को मिली है। हैरानी की बात है कि कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो अभी स्वदेश लौटे भी नहीं हैं कि वहां पर ‘भारत तेरे टुकड़े होंगे’, ‘दिल्ली बनेगा खालिस्तान जैसे नारे लगने लगे। कनाडा में लोगों की भीड़ के बीच खड़े होकर खालिस्तानी आतंकी, गुरपतवंत सिंह पन्नू, ऐसे नारे लगा रहा था। उसने अक्तूबर में खालिस्तान को लेकर जनमत संग्रह कराने की बात भी कही। 

बता दें कि कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो ‘जी20’ शिखर सम्मेलन में भाग लेने के लिए दिल्ली पहुंचे थे। जी20 की बैठक से परे, पीएम मोदी और प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो ने द्विपक्षीय वार्ता भी की है। रविवार को प्रधानमंत्री मोदी ने कनाडा के पीएम जस्टिन ट्रूडो से मुलाकात की। दोनों देशों के बीच आपसी संबंधों को आगे बढ़ाने पर चर्चा हुई। 

इस मुलाकात के बाद पीएम मोदी ने कहा था कि पीएम जस्टिन ट्रूडो के साथ सार्थक बैठक हुई। हमने विभिन्न क्षेत्रों में भारत-कनाडा संबंधों की पूरी श्रृंखला पर चर्चा की है। दूसरी तरफ सूत्रों का कहना था कि पीएम मोदी ने जस्टिन ट्रूडो के सामने ‘खालिस्तान’ का मुद्दा भी उठाया था। उन्होंने कहा था कि कनाडा में भारत विरोधी ताकतों पर नकेल कसनी चाहिए। 

इसके बाद कनाडा के प्रधानमंत्री ने कहा कि कुछ वर्षों में, पीएम मोदी के साथ, हमने इन मुद्दों पर कई बार वार्ता की है। कनाडा हमेशा अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता, अंतरात्मा की स्वतंत्रता और शांतिपूर्ण विरोध की स्वतंत्रता की रक्षा करेगा। यह हमारे लिए बेहद महत्वपूर्ण है। अब समय आ गया है कि हम हिंसा को रोकने और नफरत को पीछे धकेलने के लिए हमेशा मौजूद रहें। मुझे लगता है कि इस समुदाय के मुद्दे पर, ये याद रखना महत्वपूर्ण है कि कुछ लोगों की हरकतें पूरे समुदाय या कनाडा का प्रतिनिधित्व नहीं करती हैं। इसका दूसरा पहलू यह है कि हमने कानून के शासन का सम्मान करने के महत्व पर भी प्रकाश डाला है। हमने विदेशी हस्तक्षेप के बारे में भी बात की है।

जी20 की बैठक के बाद कनाडा के पीएम का हवाई जहाज किसी तकनीकी खराबी के चलते उड़ नहीं सका था। उन्हें दिल्ली में ही रुकना पड़ा। इस बीच कनाडा में खालिस्तानी आतंकी गुरपतवंत सिंह पन्नू ने लोगों को संबोधित किया। उसने भारत के खिलाफ जमकर आग उगली। पन्नू ने विदेशी मंत्री एस जयशंकर और एनएसए अजीत डोवाल का नाम लिया। उसने लोगों के बीच नारेबाजी की। पन्ने और उसके समर्थकों ने भारत विरोधी और खालिस्तान समर्थक नारे लगाए।

 

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