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हरदीप निज्जर
– फोटो : फाइल
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जून में कनाडा में मारा गया खालिस्तान समर्थक हरदीप सिंह निज्जर फरवरी 1997 में फर्जी पासपोर्ट पर कनाडा पहुंचा था। लेकिन मौत से पहले निज्जर इतना ताकतवर हो चुका था कि कनाडा की खुफिया एजेंसियों के अधिकारियों तक से उसकी मुलाकात होती थी। ये राज खुद उसके बेटे ने खोला है।
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कनाडा में हरदीप निज्जर के बेटे बलराज सिंह का कहना है कि उसके पिता कनाडा सुरक्षा खुफिया सेवा के अधिकारियों के साथ सप्ताह में एक या दो बार मिलते थे। 18 जून को हत्या से एक या दो दिन पहले भी वह उनसे मिले थे। मौत के दो दिन बाद एक और बैठक होनी थी। ये बैठकें फरवरी से होनी शुरू हुईं और फिर आने वाले समय में बढ़ती रहीं। अब सबसे बड़ा सवाल है कि आखिर भारत के खिलाफ अभियान चलाने वाले एक शख्स से कनाडा की खुफिया एजेंसी क्यों मिल रही थी। हालांकि बलराज सिंह ने बताया कि एक मीटिंग में वह मौजूद था, जिसमें बताया गया कि निज्जर की जान को खतरा है। उनके पिता को घर पर रहने को कहा गया था।
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