Home Breaking News Ujjain Rape: टीआई बोले- बच्ची की चीखों ने झकझोर दिया, बच्ची का जीवन को अंधकार से बचाने गोद लेने का निर्णय लिया

Ujjain Rape: टीआई बोले- बच्ची की चीखों ने झकझोर दिया, बच्ची का जीवन को अंधकार से बचाने गोद लेने का निर्णय लिया

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Ujjain Rape: टीआई बोले- बच्ची की चीखों ने झकझोर दिया, बच्ची का जीवन को अंधकार से बचाने गोद लेने का निर्णय लिया

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उज्जैन में मानवता को शर्मसार करने वाली घटना सामने आई थी। सतना से आई 12 साल की बच्ची के साथ दुष्कर्म हुआ। आरोपी ने न केवल उसकी इज्जत को तार-तार किया, बल्कि कपड़े भी फाड़ दिए। चीथड़ों में लिपटी बच्ची ढाई घंटे तक उज्जैन की सड़कों पर मदद की गुहार करती रही। कोई सामने नहीं आया। तब आचार्य राहुल शर्मा ने उसकी मदद की। पुलिस को सूचना दी और अस्पताल भिजवाया। 

इस मामले में उज्जैन के महाकाल थाना प्रभारी अजय वर्मा ने एक मिसाल पेश की है। उन्होंने दुष्कर्म पीड़िता को गोद लेने की बात कही है। अमर उजाला ने उनसे बातचीत की और इस फैसले को लेकर उनका मन टटोला। उन्होंने कहा कि बच्ची के बारे में जब पता चला तो वह भयावह था। मन में इस बात को लेकर भूचाल मचा था कि नाबालिग के साथ ऐसा वहशीपन कौन कर सकता है? उसे जल्द से जल्द कानून के शिकंजे में होना चाहिए।

अजय वर्मा ने कहा कि बच्ची की चीखों ने मुझे झकझोर कर रख दिया। उसके चीखने और रुदन की आवाज से मेरा मन बार-बार विचलित हो रहा था। तब मैंने यह संकल्प लिया कि मैं इस इस बच्ची को संरक्षण प्रदान करूंगा। आरोपी को पकड़ने के बाद मैंने जब बच्ची को गोद लेने की बात वरिष्ठ अधिकारियों से कही तो उन्होंने भी मेरे इस निर्णय की सराहना की। उन्होंने कहा कि मैंने बच्ची के परिजनों से चर्चा की। उन्होंने अब तक अपना मन नहीं बनाया है। बच्ची के परिजन और हम चाहते हैं कि पहले बच्ची जल्द से जल्द स्वस्थ हो जाए। उसके बाद मैं एक बार फिर उसके परिजनों से बात करूंगा। 

मेरे दो लड़के है, बेटी नहीं है, इसलिए लेना है गोद

अजय वर्मा ने बताया कि मेरे दो लड़के हैं। मेरी कोई भी बालिका नहीं है। जब बच्ची के साथ इस प्रकार का कृत्य हुआ तो मैंने बच्ची को संरक्षण देने के लिए बाबा महाकाल की प्रेरणा से यह संकल्प लिया था। मैं इस बच्ची को गोद लूंगा और इसके लालन-पालन की समस्त जिम्मेदारी भी निभाने की कोशिश करूंगा। बच्ची को गोद लेने की कानूनी अड़चनों की मुझे जानकारी नहीं है। जो भी अड़चन होगी, उन्हें दूर कर परिजनों से गोद देने की बात की जाएगी। 

गोद नहीं भी लिया तो भी उसका पूरा ध्यान रखूंगा

वर्मा ने कहा कि वैसे तो मैंने बालिका के परिजनों से उसे गोद देने की बात की है, लेकिन किसी कारण से गोद नहीं भी ले पाया तो भी मैं उसके इलाज, शिक्षा और शादी का खर्च उठाने को तैयार हूं। मैं ऐसे प्रयास कर रहा हूं कि जल्द ही उसके खाते में यह राशि डाली जा सके। मैं अकेला नहीं बल्कि शहर के और भी कई लोग हैं जो आगे बढ़कर बालिका की मदद कर रहे हैं। 

नागदा में करवाई थी सोफिया की शादी

थाना प्रभारी अजय वर्मा अपनी ड्यूटी के साथ ही सेवा कार्यों में भी लगे रहते हैं। कुछ वर्षों पूर्व उन्होंने नागदा में सोफिया का विवाह करवाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। यही नहीं शाजापुर क्षेत्र में भी उनकी एक बहुत बड़ी गौशाला है। वहां वे सेवा कार्य करते हैं। 

-उज्जैन से नीलेश नागर की रिपोर्ट

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