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Israel hamas war impact: सिंगापुर के अधिकारियों ने बुधवार को कहा कि सार्वजनिक सुरक्षा के मद्देनजर, इजराइल-हमास संघर्ष को लेकर लोगों के एकत्र होने एवं कार्यक्रमों के आयोजन पर प्रतिबंध लगा दिया गया है. सिंगापुर पुलिस बल (एसपीएफ) और नेशनल पार्क्स बोर्ड (एनपार्क्स) ने कहा कि इस तरह के कार्यक्रमों के आयोजन के संबंध में आवेदन खारिज कर दिए जाएंगे. चैनल ‘न्यूज एशिया’ ने अधिकारियों के हवाले से खबर दी, ‘दोनों के बीच बढ़े तनाव को देखते हुए पुलिस का आकलन है कि इस तरह के कार्यक्रमों के आयोजन से लोगों की सुरक्षा प्रभावित हो सकती है. एनपार्क्स ने भी इसी तरह की चिंता साझा की है.’
पुलिस-प्रशासन का बड़ा बयान
पुलिस ने कहा कि उसे पता है कि संघर्ष को लेकर कार्यक्रमों और जनसभाओं का आयोजन किया जा रहा है और एनपार्क्स को भी इसी तरह के कार्यक्रम के आयोजन के लिए आवेदन मिले हैं. एसपीएफ ने कहा कि वह इस तरह की जनसभाओं की अनुमति नहीं दे सकता जो दूसरे देशों या विदेशी संस्थानों के राजनीतिक मकसदों की हिमायत करता हो या इस तरह की भावनाओं को भड़का सकता हो जिससे लोगों की सुरक्षा खतरे में पड़े.
सख्ती का ऐलान
एसपीएफ ने लोगों से जिम्मेदार बने रहने और इस विषय पर संयमित चर्चा करने का अनुरोध किया चाहे वह ऑनलाइन हो या व्यक्तिगत. साथ ही उसने लोगों से किसी नस्ल या धर्म के बारे में असंवेदनशील या भड़काऊ टिप्पणी करने से बचने को कहा क्योंकि इस तरह की टिप्पणियों से सिंगापुर की नस्ली एवं धार्मिक सद्भावना खतरे में पड़ सकती है. प्रशासन ने कहा है कि दोषी लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी.
मिडिल ईस्ट में तनाव बरकरार
दुनिया के बड़े देश इजरायल-हमास युद्ध को रोकने की कोशिश में जुटे हैं, जिसके लिए अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन अचानक इजरायल पहुंचे हैं. इजरायली पीएम बेंजामिन नेतन्याहू ने खुद उनका स्वागत किया है. ये पहली मौका नहीं है जब अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन किसी दूसरे युद्धग्रस्त देश में गए हों, इससे पहले वो रूस और यूक्रेन के बीच जारी जंग के बीच यूक्रेन पहुंच गए थे. जहां उन्होंने यूक्रेन के राष्ट्रपति जेलेंस्की से मुलाकात की थी और रूस को एक कड़ा संदेश भी दिया. इसके बाद अब जो बाइडेन दूसरे वॉर जोन इजरायल पहुंचे हैं.
(एजेंसी इनपुट के साथ)
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