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विधानसभा चुनाव
– फोटो : Amar Ujala/Sonu Kumar
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और राहुल गांधी और प्रियंका गांधी की रैलियां के बाद बुधवार शाम को मध्यप्रदेश और छत्तीसगढ़ में प्रचार थम गया। उसके बाद दोनों पार्टियां चुनाव में माहौल बनाने के लिए रैलियों की भीड़ से निकले संदेश को घर-घर पहुंचाने की तैयारी में लग गई हैं। मध्यप्रदेश और छत्तीसगढ़ में भाजपा और कांग्रेस अपनी रणनीतियों को बूथ अध्यक्ष से लेकर भारतीय जनता पार्टी के पन्ना प्रमुख और कांग्रेस के ब्लॉक, बूथ और नगर की कार्यकारिणी को पहुंचाने में जुटेंगी। इसके लिए बाकायदा सभी प्रमुख पार्टियों ने जिला अध्यक्षों के माध्यम से बुधवार को पार्टी की आगे की रणनीतियों को बढ़ाने के लिए निर्देश दिए हैं।
प्रधानमंत्री मोदी के इंदौर में हुए बड़े रोड शो के बाद बुधवार को प्रियंका गांधी ने मध्यप्रदेश में अपनी जनसभाएं कीं। दोनों नेताओं की जनसभाओं में पहुंची भीड़ से उत्साहित पार्टियों के नेताओं ने अब चुनाव प्रचार खत्म होने के बाद की रणनीति को आगे बढ़ाने की पूरी तैयारी शुरू कर दी है। जानकारी के मुताबिक भाजपा ने अपने पन्ना प्रमुखों को निर्देश दिया है कि मतदान तक प्रत्येक व्यक्ति से बुधवार शाम से लेकर शुक्रवार सुबह तक कम से कम दो बार मिलें और उनके घरों तक पहुंचें। पन्ना प्रमुख कमेटियों से जुड़े जिम्मेदार पदाधिकारी का कहना है कि वह पहले से ही लगातार इस अभियान में जुटे हैं। लेकिन चुनाव प्रचार खत्म होने के बाद उनको दिए गए टास्क को हर हाल में पूरा करना है। भाजपा नेताओं के मुताबिक यह प्रक्रिया बुधवार शाम पांच बजे के बाद से डोर-टू-डोर प्रचार से अलग की जानी है। इसकी रिपोर्ट गुरुवार की सुबह मंडल अध्यक्षों के माध्यम से जिला अध्यक्षों को भेजी जानी है।
कांग्रेस के भी बड़े नेताओं की रैलियां का शोर आज शाम को थम गया। बुधवार शाम पांच बजे के बाद कांग्रेस आला कमान की ओर से मिले निर्देशों के मुताबिक ब्लॉक अध्यक्ष और नगर अध्यक्षों समेत बूथ लेवल की कमेटी के माध्यम से कांग्रेस की ओर से जारी किए गए सभी ‘वचनों’ को घर-घर पहुंचने की योजना बनाई है। कांग्रेस पार्टी के नेता मुकेश लोहानी बताते हैं कि पार्टी ने जिस तरीके से कर्नाटक और हिमाचल प्रदेश में ओल्ड पेंशन स्कीम को लागू कर नौकरीपेशा लोगों में एक भरोसा बनाया है, उसी संदेश को बुधवार की शाम पांच बजे के बाद से घर-घर तक पहुंचाने के लिए उनके कार्यकर्ता जाने वाले हैं। इसके अलावा पार्टी की ओर से तैयार किए गए वचनों को भी घर-घर पहुंचाने की पूरी तैयारी की गई है। जबकि छत्तीसगढ़ में सरकार की ओर से किए जाने वाले कामों को सभी वोटरों तक पहुंचाया जाएगा।
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