[ad_1]

सिद्धारमैया
– फोटो : सोशल मीडिया
विस्तार
कर्नाटक के हुबली में शहर थाना पुलिस द्वारा राम जन्मभूमि संघर्ष में शामिल एक हिंदू कार्यकर्ता की गिरफ्तारी पर बवाल मच गया है। एक तरफ भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने गिरफ्तारी के खिलाफ विरोध-प्रदर्शन शुरू कर दिया है। वहीं दूसरी ओर कांग्रेस लगातार हमलावर हो रही है। इस बीच, कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने भाजपा पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि विपक्षी दल के नेताओं को यह समझने की जरूरत है कि अपराधियों को जाति और धार्मिक लेबल देना बेहद खतरनाक है।
चार साल तक भाजपा ने कुशासन में समय बिताया
सिद्धारमैया ने कहा कि चार साल तक भाजपा ने कुशासन और भ्रष्टाचार के घोटालों में समय बिताया, लेकिन अचानक हमारी सरकार की उपलब्धियों पर सकारात्मक जनता की प्रतिक्रिया के कारण वे घबरा गए हैं। वे अपने निराधार आरोपों का नेतृत्व करने के लिए हुबली में एक आपराधिक संदिग्ध की गिरफ्तारी पर बवाल मचा रहे हैं। भाजपा नेताओं को यह समझने की जरूरत है कि अपराधियों को जाति और धार्मिक लेबल देना बेहद खतरनाक है।
अब यह हंगामा क्यों हो रहा
उन्होंने कहा कि यहां तक कि जब राज्य में भाजपा सरकार सत्ता में थी, तब भी लोकायुक्त पुलिस ने मुख्यमंत्री बीएस येदियुरप्पा को गिरफ्तार किया था और उन्हें जेल भेज दिया था। क्या हुबली के उस अपराधी को येदियुरप्पा से बड़ा हिंदू या राम भक्त होने का संदेह है? तो क्या उस समय सरकार हिंदू विरोधी थी? यहां तक कि भाजपा के मातृ संगठन के नेताओं ने भी हिंदू येदियुरप्पा को गिरफ्तार करने वाली सरकार को हिंदू विरोधी नहीं कहा, है ना? अब यह हंगामा क्यों हो रहा है?
[ad_2]
Source link