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केपटाउन. केपटाउन टेस्ट मैच में दक्षिण अफ्रीका की टीम भारत के खिलाफ अपने ही बिछाए जाल में फंस गई. यह मैच महज डेढ दिन ही चला जिसमें टीम इंडिया ने घातक गेंदबाजी के दम पर मेजबान टीम को 7 विकेट से हराकर सीरीज को 1-1 से बराबर की. दक्षिण अफ्रीका के मुख्य कोच शुकरी कोनराड ने गुरुवार को न्यूलैंड्स की पिच को ‘खराब’ करार दिया जिस पर खेल के इतिहास का सबसे छोटा टेस्ट मैच खेला गया और जहां कौशल से ज्यादा भाग्य की जरूरत थी.
3 जनवरी से शुरू हुए टेस्ट मैच में डीन एल्गर ने टॉस जीतकर भारत के खिलाफ पहले बल्लेबाजी चुनी थी. मोहम्मद सिराज के 6 विकेट के दम पर टीम इंडिया ने पहली पारी में मेजबान को महज 55 रन पर समेट दिया. भारतीय टीम पहली पारी में 153 रन ही बना पाई और 98 रन की अहम बढ़त बनाई. दूसरी पारी में दक्षिण अफ्रीका की पूरी टीम जसप्रीत बुमराह के 6 विकेट के आगे 176 रन तक ही पहुंच पाई. 79 रन के लक्ष्य को 3 विकेट खोकर 12 ओवर में ही भारत ने हासिल किया. रोहित शर्मा की टीम ने 106.2 ओवर तक खेले गये मैच में दक्षिण अफ्रीका को पांच सेशन में 7 विकेट से हरा दिया.
कोनराड ने सीरीज 1-1 से बराबर छूटने के बाद कहा, ‘‘नहीं जानता कि लोग क्या चाहते हैं कि मैं क्या कहूं. आपको स्कोर देखने की जरूरत है. डेढ़ दिन का टेस्ट मैच. आपको देखना होगा कि उन्होंने 80 रन (79 रन) का पीछा किस तरह किया. यह दुखद स्थिति है जब आपको कौशल से ज्यादा भाग्य की जरूरत हो. टेस्ट क्रिकेट के सभी नैतिकतायें और मूल्य खत्म हो गये हैं.हर कोई जानता था कि विकेट अच्छा नहीं था.’’
कोनराड ने न्यूलैंड्स के मुख्य क्यूरेटर ब्राम मोंग के प्रति सहानुभूति जताई. उन्होंने कहा, ‘‘मैं ब्राम मोंग को जानता हूं. वह अच्छा क्यूरेटर है. कभी कभार अच्छे क्यूरेटर भी खराब चीज या गलती कर बैठते हैं. इससे वह बेकार मैदानकर्मी नहीं हो जाता. वह काफी कुछ सीखेगा. वह भी इसे अच्छा बनाना चाहता होगा लेकिन उसने इस विकेट को जरूरत से ज्यादा तैयार कर दिया.’’
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Tags: India vs South Africa, Rohit sharma
FIRST PUBLISHED : January 4, 2024, 22:24 IST
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