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नई दिल्ली. भारत और साउथ अफ्रीका के बीच 2 मैचों की सीरीज का दूसरा और आखिर टेस्ट मैच केपटाउन के न्यूलैंड्स ग्राउंड पर खेला गया था. भारत ने इस टेस्ट मैच को डेढ़ दिन के भीतर अपने नाम कर लिया था. टेस्ट मैच के पहले दिन कुल 23 विकेट गिरे थे. जिसको लेकर खूब हो हल्ला हो रहा था. अब आईसीसी ने इस पिच पर अपना फैसला सुनाया है. जिस पिच पर यह मुकाबला हुआ था, उससे आईसीसी संतुष्ट नहीं है. टेस्ट क्रिकेट के इतिहास का यह सबसे छोटा टेस्ट मैच रहा जहां 107 ओवर की गेंदबाजी हुई और 33 विकेट गिरे. मेजबान साउथ अफ्रीकी टीम एक दिन में दो बाहर आउट हुई वहीं टीम इंडिया पहले ही दिन दूसरी पारी में 79 रन पर 3 विकेट गंवा चुकी थी.
आईसीसी मैच रेफरी क्रिस ब्रॉड (Chris Broad) ने केपटाउन टेस्ट की पिच को लेकर अपनी रिपोर्ट सौंपी है. इस रिपोर्ट में मैच ऑफिशियल्स ने चिंता जाहिर की है. मैच ऑफिशियल्स ने मूल्यांकन के बाद न्यूलैंड्स की पिच को असंतोषजनक करार दिया है. क्रिस ब्रॉड ने कहा, ‘ न्यूलैंड्स की पिच बल्लेबाजों के लिए मुश्किल थी. पूरे मैच के दौरान बॉल तेजी से और कभी कभी बेहद खतरनाक ढंग से उछली. जिससे बल्लेबाजों के लिए शॉट खेलना मुश्किल हो जाता है. कई गेंदें बल्लेबाजों के ग्लव्स पर लगी और खतरनाक ढंग से उछली.
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आईसीसी पिच और आउटफील्ड मॉनिटरिंग प्रोसेस में यदि किसी पिच या आउट फील्ड को अच्छा नहीं माना जाता है तो उस वन्यू को एक डिमेरिट अंक दिया जाता है जिसकी पिच और आउटफील्ड से मैच रेफरी असंतुष्ट होते हैं. किसी भी वेन्यू को यदि 6 डिमेरिट अंक मिलते हैं तो फिर वहां एक साल तक कोई इंटरनेशनल क्रिकेट मैच का आयोजन नहीं हो सकता है. क्रिकेट साउथ अफ्रीका के पास फैसले पर अपील करने के लिए अभी 14 दिन का समय है.
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Tags: ICC, Ind vs sa, India vs South Africa
FIRST PUBLISHED : January 9, 2024, 16:17 IST
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