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अमेरिकी जहाज पर मिसाइल से हमला। (फाइल)
– फोटो : सोशल मीडिया
विस्तार
अदन की खाड़ी में जिस जहाज को मिसाइल से निशाना बनाया गया, उसका मालिकाना हक अमेरिका के पास है। यमन में सैन्य ठिकानों के खिलाफ अमेरिकी नेतृत्व वाला गठबंधन अभियान चला रहा है। इसी दौरान एक युद्धपोत से मिसाइल लॉन्च की गई। ट्रेड ऑपरेशंस की तरफ से जारी बयान के मुताबिक अमेरिकी जहाज पर हमला अदन से लगभग 110 मील (177 किलोमीटर) दक्षिण-पूर्व में हुआ। एसोसिएटेड प्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक, मालिकाना हक के बारे में प्राइवेट सिक्योरिटी फर्म ने बताया है कि हमले का शिकार जहाज अमेरिका का है।
UK ट्रेड ऑपरेशंस ने क्या बयान दिया
यमन में अमेरिकी जहाज पर हमले से जुड़ी मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक जहाज पर मौजूद कैप्टन ने बताया कि जहाज के बंदरगाह वाले हिस्से पर ऊपर की तरफ से मिसाइल गिरा। यूके मैरीटाइम ट्रेड ऑपरेशंस (UKMTO या ट्रेड ऑपरेशंस) की तरफ से जारी बयान के मुताबिक अधिकारी हमले से जुड़े अलग-अलग पहलुओं की जांच कर रहे हैं। जिस इलाके में हमला हुआ है, इसके आस-पास से गुजरने वाले जहाजों को ‘अत्यधिक सतर्कता’ बरतने को कहा गया है।
जहाज का संबंध इस्राइल से नहीं
समुद्री खतरों पर नजर रखने वाली ब्रिटिश कंपनी एंब्रे ने भी इस हमले के बारे में बयान जारी किया। इस कंपनी के मुताबिक जहाज पर मार्शल आइलैंड का झंडा लगा था। मिसाइल हमले के बाद इस अमेरिकी मालवाहक जहाज में आग लग गई। कंपनी का मानना है कि यमन में हूती सैन्य ठिकानों पर अमेरिका की सैन्य कार्रवाई के खिलाफ जहाज पर हमला किया गया। कंपनी का कहना है कि अभी तक की जानकारी के मुताबिक हमले का शिकार हुए जहाज का संबंध इस्राइल से नहीं है।
जहाज-रोधी क्रूज मिसाइल का इस्तेमाल
गौरतलब है कि यमन के हूती विद्रोहियों ने अमेरिकी जहाज पर हमले की तत्काल को जिम्मेदारी नहीं ली है। रिपोर्ट्स के मुताबिक हूती विद्रोही पहले भी उस क्षेत्र में मिसाइल दाग चुके हैं। हमले से पहले लाल सागर में अमेरिकी विध्वंसक पोत की तरफ भी जहाज-रोधी क्रूज मिसाइल दागी गई थी। वैश्विक मालवाहक जहाज पर हमले को अमेरिकी लड़ाकू विमान ने नाकाम कर दिया था। बता दें कि गाजा पट्टी में बीते तीन महीने से अधिक समय से इस्राइल-हमास युद्ध चल रहा है। इसका प्रभाव है कि लाल सागर में जहाजों पर लगभग 20 हमले हो चुके हैं।
अमेरिकी जहाज पर हमले का प्रयास नाकाम
खबरों के मुताबिक इस्राइल का विरोध कर रहे हूती हमास के प्रति एकजुटता दिखा रहे हैं। हूती विद्रोहियों ने एशिया के अलावा मध्य पूर्व और यूरोप को जोड़ने वाले कॉरिडोर से गुजरने वाले व्यापारिक जहाजों को निशाना बनाया है। अमेरिका के बयान के मुताबिक, मिसाइल होदेइदा के पास से आई थी। यमन और ईरान समर्थित हूती विद्रोहियों के इलाकों से एंटी क्रूज मिसाइल- अमेरिकी जहाज यूएसएस लाबून की तरफ दागी गई। हालांकि, हमले को नाकाम कर दिया गया।
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