Home Breaking News Maha Shivratri: काशी में महाकाल की भस्म आरती देख भक्त निहाल, 51 क्विंटल ठंडई का लगा भोग; गूंजे भक्ति गीत

Maha Shivratri: काशी में महाकाल की भस्म आरती देख भक्त निहाल, 51 क्विंटल ठंडई का लगा भोग; गूंजे भक्ति गीत

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Maha Shivratri: काशी में महाकाल की भस्म आरती देख भक्त निहाल, 51 क्विंटल ठंडई का लगा भोग; गूंजे भक्ति गीत

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Shiva devotees delighted to see Mahakal's Bhasma Aarti on mahashivratri in kashi

धर्मसंघ के मणि मंदिर में शिवरात्रि के अवसर पर बेलपत्र चढ़ाकर दर्शन करते श्रद्धालु।
– फोटो : अमर उजाला

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महाशिवरात्रि पर धर्मसंघ परिसर स्थित मणि मंदिर में आस्थावानों का रेला उमड़ पड़ा। मुख्य मंडप में स्थापित पांच फीट के विशालकाय नर्वदेश्वर शिवलिंग के महाकाल शृंगार के श्रद्धालुओं ने दर्शन किए। धर्मसंघ पीठाधीश्वर स्वामी शंकरदेव चौतन्य ब्रह्मचारी महाराज के सानिध्य में सुबह ब्रह्ममुहूर्त 3ः30 बजे मंगला आरती के साथ मंदिर का कपाट खोला गया।

इस मौके पर उज्जैन के महाकालेश्वर ज्योतिर्लिंग की तर्ज पर महादेव की भस्म आरती हुई। शाम को महाकाल शृंगार कर विराट आरती उतारी गई। मंदिर में स्थापित देव विग्रहों का भव्य शृंगार किया गया। पंडित जगजीतन पांडेय के आचार्यत्व में समस्त वैदिक पूजन अर्चन संपन्न कराया गया।

मणि मंदिर में महादेव को 51 क्विंटल ठंडई व 11 हजार केले का भोग अर्पित किया गया। भोग के बाद श्रद्धालुओं में प्रसाद के रूप में ठंडई वितरित किया गया।

शाम को मणि मंदिर में भजनों की प्रस्तुति हुई। गायक पंकज शर्मा ने काशी के बसैया, काशी के खेवैया, तुम हो भोलेनाथ… सुनाया। राघवेंद्र कुमार ने शिव के मनाइब हो…, डॉ. रामशंकर ने शिव पार्वती विवाह के गीत गाए। इनके अलावा वृंदा, गोल्डी शर्मा, प्रिया, अंकिता आदि ने भजन प्रस्तुत किया। संयोजन संतोष गुप्ता ने किया। कलाकारों का स्वागत राजमंगल पांडेय ने किया।

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