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आसिफ अली जरदारी
– फोटो : abcnewspoint.com
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आसिफ अली जरदारी पाकिस्तान के 14वें राष्ट्रपति चुने गए हैं। वे पाकिस्तान पीपुल्स पार्टी के सह-अध्यक्ष भी हैं। पाकिस्तानी मीडिया ने बताया कि उन्हें 255 वोट मिले जबकि उनके प्रतिद्वंद्वी अचकजई को 119 वोट मिले। दूसरी बार राष्ट्रपति चुने गए जरदारी का पहला कार्यकाल 2008 से 2013 तक था। दो बार राष्ट्रपति बनने वाले जरदारी देश के पहले व्यक्ति हैं। आसिफ अली जरदारी का मुकाबला सुन्नी इत्तेहाद काउंसिल के उम्मीदवार महमूद खान अचकजई (75 वर्षीय) से था।
आसिफ अली जरदारी का अगला राष्ट्रपति बनना पहले से था तय
जरदारी निवर्तमान डॉ. आरिफ अल्वी का स्थान लेंगे, जिनका पांच साल का कार्यकाल पिछले साल समाप्त हो गया था। हालांकि नए राष्ट्रपति की नियुक्ति तक वह पद पर बने हुए हैं। जरदारी एक बिजनेसमैन-राजनेता हैं और पाकिस्तान की पूर्व पीएम दिवंगत बेनजीर भुट्टो के पति हैं और पाकिस्तान के पूर्व विदेश मंत्री बिलावल भुट्टो जरदारी के पिता हैं। जरदारी, पाकिस्तान पीपल्स पार्टी के सह-अध्यक्ष हैं, जिसने नवाज शरीफ की पार्टी पीएमएल-एन के समर्थन से सरकार बनाई है। पीएमएल-एन और पीपीपी के गठबंधन की डील के तहत पीएम पद पर शहबाज शरीफ की ताजपोशी हुई है।
दोनों पार्टियों में समझौते के तहत पंजाब में पीएमएल-एन की मरयम नवाज सीएम चुनी गई हैं। वहीं सिंध प्रांत की सत्ता पीपीपी को मिली है। आसिफ अली की जीत इसलिए पक्की मानी जा रही थी क्योंकि पीपीपी और पीएमएल-एन का गठबंधन केंद्र के साथ ही पंजाब, सिंध, बलूचिस्तान असेंबली में बहुमत में है। वहीं विपक्ष के पास सिर्फ खैबर पख्तूनख्वा प्रांत में ही बहुमत है।
महमूद खान अचकजई से मुकाबला
पाकिस्तान में राष्ट्रपति चुनाव इलेक्टोरल कॉलेज प्रक्रिया से हुआ। इसमें संघीय और प्रांतीय असेंबली के सदस्यों ने मतदान किया। आसिफ अली जरदारी के प्रतिद्वंदी अचकजई पश्तूनख्वा मिल्ली अवामी पार्टी के अध्यक्ष हैं और सुन्नी इत्तेहाद काउंसिल के उम्मीदवार थे। इमरान खान की पार्टी पीटीआई समर्थित निर्दलीय उम्मीदवार भी सुन्नी इत्तेहाद काउंसिल के बैनर तले राष्ट्रपति चुनाव में हिस्सा ले रहे हैं। अचकजई ने राष्ट्रपति चुनाव से पहले चुनाव आयोग से अपील की थी कि इलेक्टोरल कॉलेज के पूरा होने तक राष्ट्रपति चुनाव टाल दिए जाएं, लेकिन चुनाव आयोग ने उनकी अपील खारिज कर दी। विपक्ष इलेक्टोरल कॉलेज के पूरा हुए बिना राष्ट्रपति चुनाव कराने को अवैध करार दे रहा है।
गौरतलब, पाकिस्तान की नेशनल असेंबली में 325 सदस्य हैं। साथ ही 91 सीनेटर्स हैं। पंजाब असेंबली में 354, सिंध असेंबली में 157, खैबर पख्तूनख्वा में 117 और बलूचिस्तान असेंबली में 65 सदस्य हैं।
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