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उदय कोटक
– फोटो : amarujala.com
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गुजरात के एक कारोबारी ने साल 1985 में दोस्तों और परिवारवालों से 30 लाख रुपये जुटाकर एक निवेश कंपनी की शुरुआत की। आगे की यात्रा में देश और दुनिया के बड़े-बड़े निवेशक के साथ उनकी साझेदारी हुई और एक दिन नींव पड़ी कोटक महिंद्रा बैंक की। गुजरात के जिस कारोबारी की हम बात कर रहे हैं वे हैं उदय कोटक। एशिया का सबसे अमीर बैंकर बनने के लिए उदय कोटक ने दशकों की मेहनत से कोटक महिंद्रा बैंक लिमिटेड खड़ा किया, पर अब उनका बैंक गलत कारणों से चर्चा में है। बुधवार को आरबीआई ने बैंक के खिलाफ कार्रवाई की है।
आरबीआई की कार्रवाई के बाद कोटक महिंद्रा बैंक को गुरुवार के दिन मार्केट कैप के लिहाज से बड़ा झटका लगा। शेयरों में गिरावट से बैंक के संस्थापक उदय कोटक को एक ही दिन में करीब 10 हजार करोड़ रुपये से अधिक की संपत्ति का नुकसान उठाना पड़ा है। आइए जानते हैं कोटक पर आरबीआई की कार्रवाई की कार्रवाई और उसके निवेशकों को हुए नुकसान की पूरी कहानी?
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