Home Breaking News Sonali Bendre: सोनाली को कैंसर ने बनाया और मजबूत, बोलीं- एक बीमारी मेरी जिंदगी को परिभाषित नहीं कर सकती है

Sonali Bendre: सोनाली को कैंसर ने बनाया और मजबूत, बोलीं- एक बीमारी मेरी जिंदगी को परिभाषित नहीं कर सकती है

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Sonali Bendre: सोनाली को कैंसर ने बनाया और मजबूत, बोलीं- एक बीमारी मेरी जिंदगी को परिभाषित नहीं कर सकती है

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The Broken News star Sonali Bendre talks about her cancer said i was unable to accept that it happen to me

सोनाली बेंद्रे
– फोटो : इंस्टाग्राम

विस्तार


अभिनेत्री सोनाली बेंद्रे इन दिनों सुर्खियों में बनी हुई हैं। वे आने वाले दिनों में शो ‘द ब्रोकन न्यूज’ के सीजन 2 में नजर आने वाली हैं। इस सीरीज में उनके साथ जयदीप अहलावत, श्रिया पिलगांवकर और अक्षय ओबेरॉय भी दिखाई देंगे। पिछले दिनों अपने शो के प्रमोशन के दौरान वे अपनी बीमारी कैंसर के बारे में भी खुलकर बातें करती नजर आईं। 

पहले नहीं हुआ यकीन

सोनाली बेंद्रे बॉलीवुड की खूबसूरत अभिनेत्रियों में एक हैं। उन्होंने बॉलीवुड की कई सुपर हिट फिल्मों में काम किया है। साल 2018 में सोनाली बेंद्रे को पता चला था कि उन्हें कैंसर है। इस बारे में बात करते हुए सोनाली कहती हैं, ‘जब मुझे पता चला कि मुझे पता चला कि मुझे कैंसर हुआ है तब तो पहले मैंने इस बात पर यकीन ही किया। मुझे लग रहा था कि नहीं मुझे कैंसर नहीं हो सकता है’। 

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‘मैं क्यों’ इस सवाल ने किया सोनाली को परेशान 

सोनाली अपनी बात जारी रखते हुए कहती हैं, ‘आप यकीन नहीं करेंगे, लेकिन मैं रातों को सो नहीं पाती थी। जब भी सोती थी तब जागकर यही सोचती थी कि नहीं यह एक बुरा सपना है। मुझे यह बीमारी नहीं हो सकती है। फिर धीरे-धीरे मुझे लगने लगा कि मेरे साथ ही ऐसा क्यों हुआ है। मुझे ही कैंसर क्यों हुआ’। 

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हर दिन एक नया दिन 

साल 2018 में जब सोनाली को पता चला कि उन्हें कैंसर हो गया है तब तो पहले उन्हें यकीन ही हुआ कि यह भयानक बीमारी उन्हें हो सकती है। धीरे-धीरे उन्होंने इस बात को स्वीकार किया और यहां से उन्होंने खुद को ठीक करने की बात ठानी। सोनाली कहती हैं, ‘पहले मैं सोचती थी कि भगवान आपने मुझे क्यों कैंसर जैसा रोग दिया, लेकिन फिर मैंने सोचा क्या पता अगर ये मुझे नहीं होता और मेरे परिवार में  किसी और को हो जाता तब मुझे कैसा लगता। मैंने हर दिन को एक नया दिन समझ कर जीना शुरू किया। मैंने तय कर लिया था कि यह बीमारी मुझे या मेरी जिंदगी को परिभाषित नहीं कर सकती है और यहीं से मैंने कैंसर के खिलाफ अपनी लड़ाई की शुरुआत की थी’। 

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