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India Mobile Congress 2022: 5जी से और तेज बढ़ेगा तकनीक का ‘गांव कनेक्शन’, कृषि क्षेत्र के लिए होंगे खास प्रबंध

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India Mobile Congress 2022: 5जी से और तेज बढ़ेगा तकनीक का ‘गांव कनेक्शन’, कृषि क्षेत्र के लिए होंगे खास प्रबंध

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इंडिया मोबाइल कांग्रेस 2022

इंडिया मोबाइल कांग्रेस 2022
– फोटो : ANI

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India Mobile Congress 2022 : इंडिया मोबाइल कांग्रेस 2022 में 5जी की शुरुआत के साथ ही देशभर में हाई स्पीड इंटरनेट का एक दौर शुरू हो गया है। इसका लाभ केवल शहरी और मध्यमवर्गीय लोगों को ही नहीं, किसानों को भी मिलेगा। लगभग हर बड़ी कंपनी ऐसे खास सॉल्यूशन लेकर आई है, जिससे तकनीक के जरिये किसानों की जिंदगी को बेहतर किया जा सकेगा।

जैसे-जैसे तकनीक आगे बढ़ रही है सेंसर ज्यादा दमदार होते जा रहे हैं। हाई स्पीड इंटरनेट जब इन सेंसर के साथ आता है तब सारी जानकारी का तेजी से विश्लेषण किया जा सकता है। इसका फायदा एग्री सेक्टर को हो सकता है। कुछ ऐसे प्रोजेक्ट शुरू हो चुके हैं, जहां पर बाकायदा खेती करने में तकनीक पूरा साथ दे रही है।

वीआई का स्मार्ट एग्री देगा लाभ
ऐसा ही एक प्रोजेक्ट वीआई (वोडाफोन-आइडिया) के स्टॉल पर देखने को मिला। इस प्रोजेक्ट का नाम है स्मार्ट एग्री। इस प्रोजेक्ट के तहत यूपी, महाराष्ट्र, राजस्थान, असम, तेलंगाना, एमपी, कर्नाटक, ओडिशा, तमिलनाडु और बंगाल में पांच लाख किसानों को जोड़ा गया है। 

खेत की जमीन पर कई तरह के सेंसर लगाए गए हैं। जो नमी बताने के साथ कई तरह की मदद करता है। एक सेंसर कीट-पतंगों के ट्रैप में लगाया गया है। इसमें एक कैमरा लगा है जो कीट-पतंगों की तस्वीर विशेषज्ञों के पास भेजता है। विशेषज्ञ बताते हैं कि ये कौन सा कीड़ा है और इससे कैसे निपटा जाए।

  • 5जी से जुड़े सेंसर कई अहम जानकारियां करेंगे साझा।
  • 05 लाख किसानों को स्मार्ट एग्री से जोड़ा है वीआई ने।

स्मार्ट फार्मिंग की तैयारी
एयरटेल भी स्मार्ट फार्मिंग का एक मॉडल लेकर आई है। इसमें सेंसर और कैमरे के जरिये मिट्टी और पेड़-पौधों का रख-रखाव किया जाता है। सेंसर लगातार मिट्टी और पेड़ों की स्थिति पर नजर रखते हैं। सारा डाटा एक क्लाउड सर्वर पर विश्लेषण के लिए भेजा जाता है। विश्लेषण में आया परिणाम किसान को मोबाइल पर एक एप के जरिये मिलता है। इसके अलावा एयरटेल ने पूसा और दूसरे बड़े इंस्टीट्यूट के साथ हाथ मिलाया है। ये संस्थान वक्त-वक्त पर जरूरी जानकारी और सलाह उपलब्ध कराते हैं। एयरटेल का स्मार्ट फार्मिंग का प्रोजेक्ट कोच्चि में चल रहा है।

जियो कृषि से बदलेगी तस्वीर
कुछ इस तरह का एग्री सेंसर जियो ने भी पेश किया है। इसका नाम है जियो कृषि। ये सेंसर जमीन में लगा दिया जाता है और इसके जरिये दो एकड़ तक की जमीन में सिंचाई की स्थिति का पता चलता है। एक एप लगातार मिट्टी में नमी और तापमान स्तर को मापता है। अगर किसी भी तरह की दिक्कत आती है तो ये अलर्ट भेजता है।

बिना तार बिछाए लाई-फाई से गांवों तक पहुंचेगा हाई स्पीड इंटरनेट
5जी के विस्तार में सबसे बड़ी बाधा है ऐसी जगह बसे गांव, जहां तक इंटरनेट कंपनियां ऑप्टिकल केबल बिछाना नहीं चाहतीं। ऐसे में लाई-फाई तकनीक क्रांतिकारी साबित होगी। इसमें ऑप्टिकल फाइबर की जगह पर एक लाइट बीम को एक जगह से छोड़ा जाता है और दूसरी जगह पर रिसीव किया जा सकता है। अगर बीम को 10 किलोमीटर दूर तक भेजना है तो इंटरनेट की स्पीड 1 जीबी प्रति सेकेंड मिलेगी। नैव नाम की जिस कंपनी ने ये तकनीक डिस्प्ले की है उसके अधिकारी का कहना है कि ये डिवाइस पहले ही गुवाहाटी, लद्दाख और गुजरात के धरोई डैम, भावनगर में सफलतापूर्वक काम कर रही है।

सस्ते होंगे 5जी मोबाइल, नई चिप तकनीक देगी समाधान
5जी इंटरनेट आने के साथ ही लोगों को नए मोबाइल डिवाइस की चिंता सताने लगी है। फिलहाल 5जी मोबाइल काफी महंगे हैं। हालांकि, चिप बनाने वाली कंपनियों का मानना है कि आने वाले वक्त में इनके दाम तेजी से गिरेंगे। कोरोना के चलते दुनियाभर में एक खास तरह का तकनीकी संकट भी पैदा हुआ। ये संकट था कंप्यूटर चिप का। इसकी वजह से मोबाइल और ऑटो इंडस्ट्री बुरी तरह से प्रभावित हुई। एक अक्टूबर को 5जी लॉन्च करते वक्त पीएम नरेंद्र मोदी ने भी मेक इन इंडिया के तहत कंपनियों से भारत में चिप बनाने का बीड़ा उठाने की बात भी कही।

4जी डिवाइस से तेज बढ़ेगा 5जी का कारवां
इंडस्ट्री से जुड़े ज्यादातर लोग मानते हैं कि 3जी से 4जी में जाने वाले वक्त से काफी कम वक्त में लोग 4जी से 5जी की तरफ जाएंगे। चिप बनाने वाली क्वालकॉम इंडिया के सीनियर डायरेक्टर सचिन कलंतरी का कहना है कि जैसे-जैसे 5जी डिवाइस का इस्तेमाल बढ़ेगा इसके दाम कम होना शुरू होंगे। कंपनियां 4जी के दौरान मिली सीख से समझ चुकी हैं कि ग्राहक तेजी से तकनीक अपनाता है। जल्द ही आपको मार्केट में 5जी से सस्ते डिवाइस नजर आने लगेंगे।

फास्ट इंटरनेट के लिए खास चिप
5जी मोबाइल खास तरह चिप से लैस होते हैं। अमेरिका के कैलिफोर्निया की एजक्यू नाम की कंपनी ने 5जी इंटरनेट के लिए एक खास बेस स्टेशन चिप डिजाइन की है। बेस स्टेशन वह डिवाइस होती है जो इंटरनेट को पूरे इलाके में फैलाती है, जैसे घर का इंटरनेट राउटर करता है। कंपनी का दावा है कि ये बेस स्टेशन चिप हाई स्पीड इंटरनेट को घर-घर तक पहुंचाने के खर्च को 50 फीसदी तक कम कर देगी।

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India Mobile Congress 2022 : इंडिया मोबाइल कांग्रेस 2022 में 5जी की शुरुआत के साथ ही देशभर में हाई स्पीड इंटरनेट का एक दौर शुरू हो गया है। इसका लाभ केवल शहरी और मध्यमवर्गीय लोगों को ही नहीं, किसानों को भी मिलेगा। लगभग हर बड़ी कंपनी ऐसे खास सॉल्यूशन लेकर आई है, जिससे तकनीक के जरिये किसानों की जिंदगी को बेहतर किया जा सकेगा।

जैसे-जैसे तकनीक आगे बढ़ रही है सेंसर ज्यादा दमदार होते जा रहे हैं। हाई स्पीड इंटरनेट जब इन सेंसर के साथ आता है तब सारी जानकारी का तेजी से विश्लेषण किया जा सकता है। इसका फायदा एग्री सेक्टर को हो सकता है। कुछ ऐसे प्रोजेक्ट शुरू हो चुके हैं, जहां पर बाकायदा खेती करने में तकनीक पूरा साथ दे रही है।

वीआई का स्मार्ट एग्री देगा लाभ

ऐसा ही एक प्रोजेक्ट वीआई (वोडाफोन-आइडिया) के स्टॉल पर देखने को मिला। इस प्रोजेक्ट का नाम है स्मार्ट एग्री। इस प्रोजेक्ट के तहत यूपी, महाराष्ट्र, राजस्थान, असम, तेलंगाना, एमपी, कर्नाटक, ओडिशा, तमिलनाडु और बंगाल में पांच लाख किसानों को जोड़ा गया है। 

खेत की जमीन पर कई तरह के सेंसर लगाए गए हैं। जो नमी बताने के साथ कई तरह की मदद करता है। एक सेंसर कीट-पतंगों के ट्रैप में लगाया गया है। इसमें एक कैमरा लगा है जो कीट-पतंगों की तस्वीर विशेषज्ञों के पास भेजता है। विशेषज्ञ बताते हैं कि ये कौन सा कीड़ा है और इससे कैसे निपटा जाए।

  • 5जी से जुड़े सेंसर कई अहम जानकारियां करेंगे साझा।
  • 05 लाख किसानों को स्मार्ट एग्री से जोड़ा है वीआई ने।

स्मार्ट फार्मिंग की तैयारी

एयरटेल भी स्मार्ट फार्मिंग का एक मॉडल लेकर आई है। इसमें सेंसर और कैमरे के जरिये मिट्टी और पेड़-पौधों का रख-रखाव किया जाता है। सेंसर लगातार मिट्टी और पेड़ों की स्थिति पर नजर रखते हैं। सारा डाटा एक क्लाउड सर्वर पर विश्लेषण के लिए भेजा जाता है। विश्लेषण में आया परिणाम किसान को मोबाइल पर एक एप के जरिये मिलता है। इसके अलावा एयरटेल ने पूसा और दूसरे बड़े इंस्टीट्यूट के साथ हाथ मिलाया है। ये संस्थान वक्त-वक्त पर जरूरी जानकारी और सलाह उपलब्ध कराते हैं। एयरटेल का स्मार्ट फार्मिंग का प्रोजेक्ट कोच्चि में चल रहा है।



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