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स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, किडनी की पथरी आपके मूत्र पथ के किसी भी हिस्से को प्रभावित कर सकती है। हमारी किडनी स्वाभाविक रूप से तरल पदार्थों को फिल्टर करती रहती है हालांकि कुछ तत्वों की अधिकता के कारण क्रिस्टल निर्मित होने लगते हैं जिसके कारण आपको किडनी स्टोन की समस्या हो सकती है।
स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, किडनी में स्टोन बनना सीधे तौर पर तरल पदार्थों या शरीर में पानी की कमी से जुड़ा हुआ है। यह गुर्दे की पथरी बनने के सबसे आम कारणों में से एक है। कम तरल पदार्थों के सेवन से मूत्र का निर्माण कम होता है जिसके कारण मूत्र गाढ़ा होने लगता है। इससे किडनी में स्टोन बनाने वाले पदार्थों की अधिकता हो सकती है।
यदि किडनी की पथरी आपके मूत्रमार्ग में फंस जाती है, तो यह मूत्र के प्रवाह को अवरुद्ध कर सकती है जिससे किडनी में सूजन और कई गंभीर प्रकार की समस्याओं का भी खतरा रहता है। आइए जानते हैं कि पानी की कमी के अलावा और किन कारणों से किडनी स्टोन की समस्या हो सकती है?
आहार में कुछ प्रकार की चीजें या फिर प्रोटीन, सोडियम (नमक) और चीनी से भरपूर चीजों का अधिक मात्रा में सेवन करना भी किडनी की पथरी का खतरा बढ़ा सकता है। अधिक मात्रा में सोडियम वाले आहार के कारण जोखिम अधिक हो सकता है। पालक, बैंगन जैसे ऑक्सालेट से भरपूर अधिकांश खाद्य पदार्थों के अलावा कुछ प्रकार के सप्लीमेंट्स के कारण भी किडनी में स्टोन की समस्या होने का जोखिम बढ़ सकता है।
अधिक वजन को पहले भी कई प्रकार की समस्याओं जैसे हृदय रोग, डायबिटीज और अन्य क्रोनिक बीमारियों से जोड़कर देखा जाता रहा है, ये किडनी में स्टोन की समस्या को भी बढ़ाने वाली स्थिति हो सकती है। शोधकर्ताओं ने पाया कि हाई बॉडी मास इंडेक्स (बीएमआई), कमर पर अधिक चर्बी होने की समस्या भी किडनी में स्टोन बनने का कारण हो सकती है। वजन कंट्रोल करना आपको कई तरह की बीमारियों से बचाने में सहायक हो सकती है।
गैस्ट्रिक बाईपास सर्जरी, आंतों में सूजन की समस्या या क्रोनिक डायरिया जैसी बीमारियों के कारण भी किडनी की सामान्य प्रक्रिया प्रभावित हो सकती है। ऐसी स्थिति में किडनी ठीक तरीके से अपशिष्टों को फिल्टर नहीं कर पाती है। अगर इस तरह की बीमारियों के शिकार हैं तो किडनी की सेहत का ख्याल रखना आवश्यक हो जाता है।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है।
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